
प्रभावी पैरवी के बाद प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने सुनाया फैसला, प्रत्येक दोषी पर 10 हजार रुपये अर्थदंड
बहराइच (राष्ट्र की परम्परा)। थाना खैरीघाट क्षेत्र में रास्ते पर पैरा लगाने के विवाद में हुई मारपीट के दौरान गंभीर रूप से घायल छोटेलाल की इलाज के दौरान हुई मौत के मामले में न्यायालय ने चार दोषियों को पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश शैली रॉय ने प्रत्येक दोषी पर 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड जमा न करने पर प्रत्येक दोषी को एक-एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।मामले के अनुसार, वादी ने थाना खैरीघाट में तहरीर देकर बताया था कि गांव के पुत्ती, बिरजा उर्फ बृजलाल, कोयलऊ और रामअचल रास्ते पर पैरा लगा रहे थे। वादी के पिता छोटेलाल ने रास्ते पर पैरा लगाने से मना किया। इसी बात को लेकर आरोपियों ने नाराज होकर वादी के साथ मारपीट शुरू कर दी।पिता को बचाने के लिए वादी की बहन और भाई भी मौके पर पहुंचे। आरोप है कि चारों ने उन्हें घेरकर मारपीट की। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और किसी तरह परिवार के सदस्यों को बचाया। मारपीट में छोटेलाल को गंभीर चोटें आईं। उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। घटना के संबंध में थाना खैरीघाट में मुकदमा दर्ज किया गया।मामले की विवेचना तत्कालीन उपनिरीक्षक संतोष कुमार यादव ने की। साक्ष्य संकलन, गवाहों के बयान और अन्य विवेचनात्मक कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया।जनपद पुलिस द्वारा चिन्हित अपराधों में दोषियों को प्रभावी एवं त्वरित दंड दिलाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत इस मामले की प्रभावी पैरवी की गई। प्रभारी थाना खैरीघाट, मॉनीटरिंग सेल पुलिस कार्यालय बहराइच, अभियोजक सुनील कुमार जायसवाल, कोर्ट मोहर्रिर हेड कांस्टेबल दिनकर यादव तथा थाना पैरोकार रामजीत पटेल की पैरवी के फलस्वरूप न्यायालय ने चारों अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।दोषी पुत्ती पुत्र तीरथ राम लोध, बिरजा उर्फ बृजलाल पुत्र तीरथ राम लोध, कोयलऊ पुत्र तीरथ राम लोध तथा रामअचल पुत्र पुत्ती, निवासीगण गोडियनपुरवा दाखिला मटेरा, थाना खैरीघाट को पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास और 10-10 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड न देने पर प्रत्येक को एक-एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
