गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के यूजीसी–मालवीय मिशन शिक्षक प्रशिक्षण केंद्र (एमएमटीटीसी) की ओर से 13 जुलाई 2026 से “जलवायु परिवर्तन, खाद्य सुरक्षा एवं जनस्वास्थ्य” विषय पर आधारित शॉर्ट टर्म प्रोग्राम का ऑनलाइन शुभारंभ होगा। उद्घाटन सत्र पूर्वाह्न 11:30 बजे आयोजित किया जाएगा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पूनम टंडन करेंगी, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी उद्घाटन सत्र को संबोधित करेंगे।
एमएमटीटीसी के निदेशक प्रो. अजय कुमार शुक्ल ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम नई शिक्षा नीति-2020 की भावना के अनुरूप शिक्षकों को सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) के प्रति जागरूक, संवेदनशील और उत्तरदायी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन, खाद्य सुरक्षा और जनस्वास्थ्य जैसे समकालीन विषयों पर प्रशिक्षण से शिक्षकों के ज्ञान, कौशल और दृष्टिकोण का विकास होगा तथा वे समाज और पर्यावरण के प्रति अपने दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों के अंतर्गत लक्ष्य-2 (जीरो हंगर), लक्ष्य-3 (अच्छा स्वास्थ्य एवं कल्याण) और लक्ष्य-13 (जलवायु कार्रवाई) पर केंद्रित है। कार्यक्रम में देश के प्रतिष्ठित विशेषज्ञ जलवायु परिवर्तन, खाद्य सुरक्षा, जनस्वास्थ्य और सतत विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर व्याख्यान देंगे।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों से 75 से अधिक प्रतिभागी शामिल हो रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों को वैश्विक चुनौतियों के प्रति संवेदनशील बनाते हुए उनके शिक्षण, शोध और विस्तार गतिविधियों में सतत विकास की अवधारणा को प्रभावी रूप से शामिल करना है।
शॉर्ट टर्म प्रोग्राम के कोर्स कोऑर्डिनेटर डॉ. राकेश पाण्डेय (सहायक आचार्य, वनस्पति विज्ञान विभाग) हैं, जबकि कार्यक्रम के संयोजक प्रो. अनिल द्विवेदी हैं।
