पंचायत चुनाव टलने की चर्चाओं के बीच प्रधान संगठन आक्रोशित, लखनऊ महासम्मेलन में जाने से पहले कई प्रधान नजरबंद
वर्तमान प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने की मांग तेज
महराजगंज(राष्ट्र की परम्परा)। पंचायत चुनाव टलने की संभावनाओं के बीच प्रदेश भर में प्रधान संगठन का विरोध तेज होता जा रहा है। वर्तमान ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने की मांग को लेकर संगठन अब आंदोलन के मूड में दिखाई दे रहा है। इसी क्रम में 20 मई को लखनऊ में आयोजित प्रस्तावित महासम्मेलन में शामिल होने जा रहे प्रधान संगठन के कई पदाधिकारियों को मंगलवार सुबह पुलिस प्रशासन ने उनके आवास पर ही हाउस अरेस्ट कर लिया।
प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष अनिल कुमार जोशी ने प्रशासन की इस कार्रवाई को अलोकतांत्रिक बताते हुए कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि प्रधान संगठन सरकार के विरोध में नहीं है, बल्कि पंचायत व्यवस्था की निरंतरता बनाए रखने और गांवों के विकास कार्य प्रभावित न होने देने की मांग कर रहा है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2021 की तरह पुनः एडीओ पंचायत को प्रशासक नियुक्त किए जाने की चर्चाओं से ग्राम प्रधानों में असमंजस और असंतोष का माहौल है। लोकतांत्रिक प्रक्रिया से चुने गए जनप्रतिनिधियों की अनदेखी उचित नहीं है।
जिलाध्यक्ष ने सरकार से मांग की कि अगले पंचायत चुनाव तक वर्तमान ग्राम प्रधानों के कार्यकाल का विस्तार किया जाए अथवा प्रशासक समिति गठन को लेकर स्पष्ट आदेश जारी किए जाएं, ताकि ग्रामीण विकास योजनाएं प्रभावित न हों और प्रशासनिक व्यवस्था सुचारु बनी रहे।
प्रधान संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार द्वारा शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश स्तर पर व्यापक आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि पंचायत प्रतिनिधियों की उपेक्षा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
