लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)लखनऊ में 77वां गणतंत्र दिवस उत्साह और राष्ट्रभक्ति के साथ संपन्न राजधानी लखनऊ में 77वां गणतंत्र दिवस पूरे उत्साह, गर्व और राष्ट्रभक्ति के माहौल में मनाया गया। कालीदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तिरंगा फहराया और राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों और देशवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
सुबह से ही राजधानी लखनऊ में देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। सरकारी भवनों, शैक्षणिक संस्थानों, पुलिस लाइनों और सार्वजनिक स्थलों पर ध्वजारोहण किया गया। राष्ट्रगान और देशभक्ति गीतों से पूरा वातावरण गूंज उठा।
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सीएम योगी का संबोधन: संविधान ने भारत को एकता के सूत्र में बांधा
ध्वजारोहण के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि पिछले 76 वर्षों की संवैधानिक यात्रा में भारत ने अनेक उतार-चढ़ाव देखे हैं, लेकिन भारतीय संविधान ने देश की एकता और अखंडता को हमेशा मजबूती प्रदान की है।
उन्होंने कहा कि एक भारत, श्रेष्ठ भारत के संकल्प को साकार करते हुए आज उत्तर से दक्षिण और पूरब से पश्चिम तक भारत एक नई ऊर्जा और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। यह नया भारत अपने गौरवशाली अतीत पर गर्व करता है और उज्ज्वल भविष्य की ओर अग्रसर है।
महात्मा गांधी और संविधान निर्माताओं को नमन
मुख्यमंत्री योगी ने इस पावन अवसर पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को नमन किया और कहा कि उनके नेतृत्व में चला स्वतंत्रता आंदोलन भारत की आत्मा को झकझोरने वाला था। उसी आंदोलन की बदौलत देश को आज़ादी मिली और लोकतांत्रिक व्यवस्था की नींव पड़ी।
उन्होंने भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद, संविधान शिल्पी डॉ. भीमराव अंबेडकर, लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल और नेताजी सुभाषचंद्र बोस को भी श्रद्धापूर्वक स्मरण किया।
क्रांतिकारियों और स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि
सीएम योगी ने कहा कि देश की आज़ादी के लिए असंख्य क्रांतिकारियों और स्वतंत्रता सेनानियों ने अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। उनके बलिदान के कारण ही आज भारत एक स्वतंत्र, संप्रभु और लोकतांत्रिक राष्ट्र है।
उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे संविधान के मूल्यों को आत्मसात करें और राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। यही स्वतंत्रता सेनानियों को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
राजधानी में रंगारंग कार्यक्रम, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
77वें गणतंत्र दिवस के मौके पर राजधानी लखनऊ में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। स्कूल-कॉलेजों के बच्चों ने देशभक्ति गीत, नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से लोगों का मन मोह लिया।
कार्यक्रमों को लेकर प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। प्रमुख चौराहों और संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल की तैनाती रही। सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन से निगरानी की गई।
लोकतंत्र और संविधान पर गर्व का दिन
गणतंत्र दिवस केवल एक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र और संविधान की शक्ति का प्रतीक है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि भारत की असली ताकत उसकी विविधता, समानता और न्याय में निहित है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि आज का भारत आत्मनिर्भर, सशक्त और वैश्विक मंच पर अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। उत्तर प्रदेश भी विकास, सुरक्षा और सुशासन के नए आयाम स्थापित कर रहा है।
प्रदेशभर में मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस
लखनऊ के साथ-साथ प्रदेश के सभी जिलों में 77वां गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया गया। जिलाधिकारियों, पुलिस अधीक्षकों और जनप्रतिनिधियों ने ध्वजारोहण किया। परेड, सांस्कृतिक कार्यक्रम और सम्मान समारोह आयोजित हुए।
हर जगह एक ही संदेश गूंजा—संविधान का सम्मान, राष्ट्र के प्रति समर्पण और देश के लिए एकजुटता।
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