
प्रयागराज, (राष्ट्र की परम्परा) मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को प्रयागराज के सर्किट हाउस में प्रयागराज और विंध्यांचल मंडल के सांसदों, विधायकों और विधान परिषद सदस्यों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक का उद्देश्य जनप्रतिनिधियों के माध्यम से जमीनी हकीकत का मूल्यांकन करना और विकास कार्यों को गति देने की रणनीति बनाना रहा।
मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों से उनके क्षेत्रों की समस्याओं, जनअपेक्षाओं और प्राथमिकताओं के संबंध में सीधे संवाद किया। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि जनता और सरकार के बीच सेतु हैं, इसलिए उनकी बातों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे, इसके लिए अधिकारी पूरी संवेदनशीलता और पारदर्शिता के साथ कार्य करें।
मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा संचालित विकास परियोजनाओं की प्रगति रिपोर्ट ली और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, सिंचाई, और पेयजल जैसी प्राथमिक सेवाओं के सुधार पर विशेष बल दिया।
बैठक में मंडल के सभी सांसदों, विधायकों व विधान परिषद सदस्यों ने अपने क्षेत्र की प्रमुख समस्याओं और अपेक्षाओं को साझा किया। मुख्यमंत्री ने हर सुझाव को गंभीरता से सुना और तत्काल कार्यवाही के निर्देश संबंधित विभागों को दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार हर जिले के संतुलित और समावेशी विकास के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक में मुख्य सचिव, प्रमुख सचिवों के साथ मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
यह बैठक न सिर्फ जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी का मंच बनी, बल्कि सरकार के जन सरोकारों के प्रति उत्तरदायित्व और प्रतिबद्धता को भी स्पष्ट रूप से दर्शाया।