परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के हलधरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कसारा स्थित निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज में एक दर्दनाक हादसे ने सभी को झकझोर कर रख दिया। मेडिकल कॉलेज की इमारत में रंगाई का कार्य कर रहे नवलपुर रतोही गांव निवासी मजदूर शिवनाथ राम (55 वर्ष) की सीढ़ी से गिरकर मौत हो गई। हादसे के बाद आक्रोशित मजदूरों ने शव को घटनास्थल पर रखकर विरोध प्रदर्शन किया और 50 लाख रुपये मुआवजा व मृतक के पुत्र को सरकारी नौकरी दिए जाने की मांग की।

हादसा और लापरवाही

जानकारी के अनुसार, शिवनाथ राम, पुत्र स्वर्गीय तिलेश्वर राम, रोज की तरह निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज में रंगाई-पुताई का कार्य कर रहा था। दोपहर लगभग 12 बजे कार्य करते समय अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह ऊंचाई से नीचे गिर पड़ा। गिरने से उसे गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद अन्य मजदूरों ने तत्काल इसकी सूचना ठेकेदार को दी, जिसके बाद उसे एंबुलेंस से अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।

परिजनों में मचा कोहराम

जैसे ही मौत की खबर गांव पहुंची, परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक के परिवार में पत्नी शांति देवी, छह बेटियां और एक बेटा हैं। दो बेटियों की शादी हो चुकी है, जबकि चार बेटियों और एक पुत्र की शादी अभी बाकी है। शिवनाथ ही परिवार का इकलौता कमाऊ सदस्य था, उसकी अचानक हुई मौत से परिवार गहरे आर्थिक और मानसिक संकट में घिर गया है।

मजदूरों का प्रदर्शन और मांग

मजदूरों का आरोप है कि ठेकेदार ने इस गंभीर घटना को दबाने की कोशिश की और मृतक के परिजनों को सिर्फ 10 हजार रुपये थमा कर मामला शांत करने का प्रयास किया, जो मजदूरों को नागवार गुज़रा। इसके बाद सैकड़ों मजदूर एकजुट होकर घटनास्थल पर पहुंचे और शव को वहीं रखकर विरोध प्रदर्शन करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने शिवनाथ के परिवार को 50 लाख रुपये मुआवजा और उसके बेटे को नौकरी देने की मांग की।

प्रशासन से न्याय की गुहार

परिजनों और स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से इस हादसे की जांच कराकर ठेकेदार पर लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी का मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। वहीं दूसरी ओर पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और पुनर्वास की तत्काल आवश्यकता है।