प्रेमचंद ने अपने लेखन से उत्तर और दक्षिण को एक सूत्र में पिरोने का कार्य किया: डॉ. राम सुधार सिंह
वाराणसी/बेंगलुरू (राष्ट्र की परम्परा)। प्रेमचंद मार्गदर्शन केंद्र (ट्रस्ट) लमही, वाराणसी और सेंट क्लॉरेट कॉलेज, (जलाहल्ली) बेंगलुरू के संयुक्त तत्वावधान में कमल के सिपाही मुंशी प्रेमचंद की कहानियों के १०० वर्ष…