Sunday, November 30, 2025
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थोक व्यापारी को वाणिज्य कर विभाग से मिला न्याय, 1.65 लाख रुपये की हुई बचत

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा) – इस्माइलपुर, साहबगंज निवासी प्रतिष्ठित थोक किराना व्यापारी अवनीश ट्रेडर्स को वाणिज्य कर विभाग सचल दल, वाराणसी द्वारा बेबुनियाद रूप से रोककर ₹1.65 लाख जमा करने का दबाव बनाए जाने के मामले में न्याय दिलाने में चेंबर ऑफ कॉमर्स, गोरखपुर के अध्यक्ष संजय सिंघानिया ने अहम भूमिका निभाई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अवनीश ट्रेडर्स ने महावीर कोकोनेट एंड एग्रो प्रोडक्ट प्रा. लि., टुमकुर (कर्नाटक) से 200 बोरी गरी बुरादा वाहन संख्या KA52C1774 में मंगवाया था। सभी कागजात — ई-इनवॉइस, ई-वे बिल, बिल्टी और जीएसटी दस्तावेज़ — सही होने के बावजूद, वाणिज्य कर विभाग सचल दल ने 5 अक्टूबर 2025 की मध्यरात्रि को वाहन रोक लिया और असिस्टेंट कमिश्नर शरद मिश्रा ने फोन पर व्यापारी और चालक को ₹1.65 लाख जमा करने का दबाव बनाया।

व्यापारी ने नियमों के तहत सभी दस्तावेज़ प्रस्तुत किए, लेकिन उन्हें अनसुना करते हुए मालवाहन को वाराणसी कार्यालय में खड़ा कर नोटिस जारी कर दिया गया। सभी प्रयास विफल होने पर व्यापारी ने चेंबर ऑफ कॉमर्स अध्यक्ष संजय सिंघानिया से संपर्क किया।

सिंघानिया ने व्यापारी की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए सभी दस्तावेजों का गहन अध्ययन किया और वाराणसी व लखनऊ के वाणिज्य कर विभाग के उच्च अधिकारियों से संपर्क किया। प्रमुख सचिव, वाणिज्य कर विभाग, उत्तर प्रदेश को भी पूरी जानकारी दी गई। प्रमुख सचिव और मुख्यालय के हस्तक्षेप के बाद 6 अक्टूबर 2025 की सायंकाल विभाग ने मालवाहन को बिना किसी दंड के छोड़ने का आदेश जारी किया।

व्यापारी अवनीश ट्रेडर्स ने सिंघानिया का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा,
“आपका निःस्वार्थ सहयोग और न्याय दिलाने की प्रतिबद्धता प्रशंसनीय है। अब तक मैंने किसी व्यापारी संगठन में ऐसी तत्परता नहीं देखी थी।”

इस अवसर पर अध्यक्ष संजय सिंघानिया ने कहा,
“यह आप सभी का स्नेह और विश्वास है। चेंबर ऑफ कॉमर्स सदैव व्यापारियों के साथ खड़ा है और उनकी न्यायसंगत समस्याओं के समाधान के लिए तत्पर रहेगा।”

सिंघानिया ने प्रमुख सचिव वाणिज्य कर विभाग तथा मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों को उनके त्वरित निर्णय एवं निष्पक्ष कार्रवाई के लिए धन्यवाद और बधाई भी दी।

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