मुंबई यूनिवर्सिटी के उर्दू विभाग में डीडीयूजीयू के डॉ. महबूब हसन का विशिष्ट व्याख्यान
मुंबई (राष्ट्र की परम्परा)। मुंबई यूनिवर्सिटी के उर्दू विभाग में आयोजित विशिष्ट व्याख्यान में दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के उर्दू के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ.महबूब हसन ने कहा कि उर्दू भाषा अपने लोकतांत्रिक स्वभाव और सेकुलर चरित्र के कारण हमेशा जीवित रहेगी। उन्होंने कहा कि उर्दू की रगों में हिंदुस्तान की सांस्कृतिक विविधता बहती है और इसके पास इस मिट्टी की सामाजिक, सांस्कृतिक व साहित्यिक विरासत का समृद्ध भंडार है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता उर्दू विभाग के अध्यक्ष प्रोफेसर अब्दुल्ला इम्तियाज अहमद ने की। इस अवसर पर डॉ महबूब हसन का अंगवस्त्र और पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। व्याख्यान के दौरान उन्होंने उर्दू भाषा और साहित्य की मौजूदा स्थिति पर विस्तार से अपने विचार रखे और इसके उज्ज्वल भविष्य की संभावना पर बल दिया।
स्वागत भाषण में सहायक आचार्य डॉ ताबिश खान ने कहा कि डॉ महबूब हसन अध्यापन के साथ-साथ उर्दू साहित्य जगत में निरंतर सक्रिय हैं। उनकी रचनाएं राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हो रही हैं। जंगल जंगल, तितली रानी, टुंडे कबाब, इस्मत चुगताई व जैन ऑस्टिन और निकात-ए-फिक्शन उनकी प्रमुख कृतियां हैं। बाल साहित्य और हास्य-व्यंग्य के क्षेत्र में उनकी विशेष पहचान है, जिससे दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित हो रहा है।
अध्यक्षता करते हुए प्रोफेसर अब्दुल्ला इम्तियाज अहमद ने कहा कि डॉ महबूब हसन ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, नई दिल्ली से एमफिल और पीएचडी की उपाधियां प्राप्त की हैं। ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाले डॉ. हसन ने अपनी साहित्यिक साधना से उर्दू भाषा और साहित्य में अलग पहचान बनाई है। उनकी रचनाओं में समकालीन सामाजिक, राजनीतिक, साहित्यिक और सांस्कृतिक विसंगतियों पर तीखा व्यंग्य देखने को मिलता है।
व्याख्यान के दौरान डॉ. महबूब हसन ने हास्य-व्यंग्य रचना “मैं पटाखे से ही मर जाऊंगा, बम रहने दे” का पाठ किया, जिसे श्रोताओं ने खूब सराहा। उनकी प्रस्तुति ने कार्यक्रम को जीवंत बना दिया।
इस अवसर पर उर्दू विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. कमर सिद्दीकी, डॉ. अहरार अहमद, डॉ. तबस्सुम खान सहित शोधार्थी और छात्र-छात्राओं की बड़ी संख्या मौजूद रही। अंत में सहायक आचार्य डॉ. सईदुर्रहमान ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।
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