देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)l पीड़ित महिलाओं की सुरक्षा और अधिकारों को लेकर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाया है। इसी क्रम में वन स्टॉप सेंटर का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया और कमियों पर तत्काल सुधार के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शैलजा मिश्रा ने केंद्र पर मौजूद पीड़ित महिलाओं से सीधे संवाद किया और उन्हें उनके कानूनी अधिकारों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पीड़िताओं की सुरक्षा के प्रति किसी भी प्रकार की लापरवाही अक्षम्य है और समाज के साथ-साथ संस्थाओं को भी इस दिशा में पूरी जिम्मेदारी निभानी होगी।
जांच के दौरान केंद्र में लगे सीसीटीवी कैमरों में खामियां सामने आईं। फ्रंट और साइड कैमरे काम नहीं कर रहे थे, जिस पर सचिव ने नाराजगी जताते हुए केंद्र प्रबंधन को तत्काल सुधार के निर्देश दिए। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।
इसके अलावा केंद्र प्रबंधक को निर्देशित किया गया कि जिन महिलाओं को विधिक सहायता की आवश्यकता है, उनके मामलों को चिन्हित कर अधिक से अधिक संख्या में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय को संदर्भित किया जाए, ताकि उन्हें समय पर न्याय और सहायता मिल सके।
इस निरीक्षण का उद्देश्य पीड़ित महिलाओं को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना और उनके अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करना रहा। प्रशासन ने संकेत दिया है कि इस तरह के निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे ताकि व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे।
