सलेमपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)सलेमपुर के भठवां धर्मपुर में संचालित एक निजी विद्यालय के वाहन में मझौली राज वार्ड नंबर 11 के पास वाहन में अचानक आग लग गई। घटना उस समय हुई जब स्कूल वाहन बच्चों को उनके घरों से बैठाने के लिए जा रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय वाहन में दो शिक्षिकाएं, तीन बच्चे तथा चालक मौजूद थे। चालक को जैसे ही वाहन से धुआं और आग की भनक लगी, उसने तत्परता और सूझबूझ दिखाते हुए सभी बच्चों और शिक्षिकाओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। कुछ ही क्षणों में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और वाहन पूरी तरह आग की चपेट में आ गया।
सूचना मिलते ही फायर डिपार्टमेंट की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। अग्निशमन कार्य में अमरेंद्र कुमार पांडेय, अनूप यादव, भूपेंद्र राजभर, अनूप कुमार सहित अन्य कर्मी शामिल रहे। हालांकि तब तक स्कूली वाहन पूरी तरह जलकर राख हो चुका था।
स्थानीय लोगों ने भी आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग इतनी तेजी से फैली कि वाहन को बचाया नहीं जा सका। गनीमत यह रही कि समय रहते सभी को बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया। लोगों का कहना है कि निजी विद्यालयों द्वारा संचालित स्कूली वाहनों की नियमित फिटनेस जांच, अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता और सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही है। यदि चालक समय पर सतर्कता न दिखाता, तो एक बड़ा हादसा हो सकता था।
इस घटना ने एक बार फिर निजी विद्यालय प्रबंधन की जिम्मेदारी और प्रशासनिक निगरानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों व अभिभावकों ने मांग की है कि सभी स्कूली वाहनों की फिटनेस, फायर सेफ्टी उपकरणों और सुरक्षा मानकों की सख्त जांच कराई जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
फिलहाल घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन स्कूल प्रबंधन की लापरवाही को लेकर अभिभावकों में नाराजगी देखी जा रही है।
