किसान आंदोलन में जा रहे किसानों को प्रशासन ने रोका
बदायू(राष्ट्र की परम्परा)
भारतीय किसान यूनियन असली अराजनैतिक ने उत्तर प्रदेश संयुक्त किसान मोर्चा के आव्हान पर सभी पदाधिकारी कार्यकर्ता सिलहरी बदायू से 25 ट्रेक्टर जिसमे एक ट्रैक्टर ट्राली मे रजाई, गद्दा, टैंट, कुर्सी, बर्तन और खाने पीने का सामान साथ लेकर दिल्ली किसान आंदोलन में किसानों के मुख्य मुद्दे न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गारंटी कानून एवं किसानों की पूरी कर्जमाफी और स्वामी नाथन की रिपोर्ट C2+50फार्मूलाआदि मांगो को लेकर जैसे ही सिलहरी बिजली घर से मैन रोड पर पहुँचे थे कि किसानों और पुलिस मे गर्मागर्मी हो गई। किसानों ने ट्रेक्टर रोके नहीं फिर पुलिस ने ट्रैक्टरों कोआगे से घेर कर सिलहरी बाजार वाली जगह पर इकठ्ठे किए, तब किसानों ने ट्रेक्टरो के आगे तरपाल बिछा दिया और पंचायत शुरू कर दी। उसके बाद किसानों ने वही पर खाना बनाया और सभी किसान पदाधिकारी कार्यकर्ता और किसानों ने पुलिस प्रशासन के साथ खाना खाया देर शाम के बाद प्रशासनिक अधिकारियों के समझाने के बाद किसान अपने अपने घरों को वापस हुऐ।
इस ट्रेक्टर आंदोलन में निम्न शामिल पदाधिकारी व किसान
रावल वीर सिंह, सूरज पाल सिंह, राजपाल सिंह, अशोक सिंह, बेला और सैकड़ों किसानो ने शामिल होकर अपना कीमती समय दिया।
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