गौहाटी एजेंसी।पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत का इतिहास सिर्फ गुलामी का इतिहास नहीं है। भारत का इतिहास योद्धाओं, विजय का इतिहास है। भारत का इतिहास अत्याचारियों के विरुद्ध अभूतपूर्व शौर्य और पराक्रम दिखाने का इतिहास है। भारत का इतिहास जय का है। भारत का इतिहास जंग का है, त्याग, तप का है। जब कोई मुश्किल दौर, चुनौती खड़ी हुई तो उसका मुकाबला करने के लिए कोई न कोई विभूति अवतरित हुई। हमारी आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पहचान बचाने के लिए संत और मनीषी आए। भारत को तलवार की जोर से कुचलने का मंसूबा पाले, आक्रमणकारियों का मां भारती की कोख से जन्मे वीरों ने सामना किया।
पीएम मोदी ने कहा कि लाचित बारफूकन भी ऐसे वीर थे। उन्होंने दिखाया कि कट्टरता और आतंक के हर आग का अंत हो जाता है, लेकिन भारत की जीवन ज्योती अमर बनी रहती है। आज देश गुलामी की मानसिकता को छोड़ अपनी विरासत पर गर्व करने के भाव से भरा हुआ है। आज भारत न सिर्फ अपनी सांस्कृतिक विविधता को मना रहा है बल्कि अपनी संस्कृति के ऐतिहासिक नायक-नायिकाओं को गर्व से याद भी कर रहा है।
लाचित बरफूकन की 400वीं जयंती समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हमें वीर लाचित की 400वीं जन्म जयंती मनाने का सौभाग्य उस कालखंड में मिला है जब देश अपनी आज़ादी का अमृत महोत्सव मना रहा है। यह ऐतिहासिक महोत्सव असम के इतिहास का एक गौरवशाली अध्याय है। पीएम मोदी ने कहा कि हमें पहचान को चुनौती देने वालों को जवाब देना आता है।
गोंदिया - वैश्विक स्तरपर भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में जुलाई 2026 का मानसून सत्र केवल…
संगठन को मजबूत करने की कांग्रेसियों ने बनाई रणनीति सलेमपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)कांग्रेस की सरकार के…
गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। समाजवादी छात्र सभा के नवनियुक्त प्रदेश सचिव अश्वनी गौड़ के प्रथम…
बरहज/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)l थाना क्षेत्र बरहज अंतर्गत एक गाँव की वृद्ध महिला की तख्त से…
प्रथम उपविजेता के साथ 'बेस्ट मेमोरियल' पुरस्कार भी जीता लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। बाबासाहेब भीमराव…
संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले में अवैध शराब के निर्माण और बिक्री पर…