Wednesday, February 4, 2026
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भारत बापू का देश मनरेगा को निरस्त करने का फैसला राष्ट्रविरोधी

150 दिन रोजगार गारंटी किया जाय कैलाश यादव

रांची (राष्ट्र की परम्परा )
प्रदेश राजद प्रवक्ता कैलाश यादव ने प्रेस ब्यान जारी कर कहा कि मैने राजद की ओर से दो दिन पूर्व ही मनरेगा का नाम बदलने पर केंद्र की मोदी सरकार के अनैतिक निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त किया था।
विदित है सदन में महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम 2005 को निरस्त करने का प्रस्ताव कर नया कानून के तौर पर विकसित भारत गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) बनाने का फैसला लिया है।
यादव ने कहा कि भारत बापू का देश है जिन्होंने अपने संघर्ष और देश की आजादी के लिए सत्य और अहिंसा का पाठ पढ़ाकर भारत को स्वतंत्रता दिलवाई थी , इनका राष्ट्रहित का सपना बहुत बृहत था इन्होंने अपने दूरदर्शी व्यक्तित्व के कारण भारत में हिंदू मुस्लिम सिख ईसाई जैन और बौद्घ समाज के लोगों को एकता का संदेश दिया था जिस कारण भारत एक धर्मनिरपेक्ष राज्य का स्थापना हुआ।
सारे जहां से अच्छा हिंदोस्ता हमारा।
रघुपति राघव राजाराम पति तपावन सीताराम ” अल्हा ईश्वर तेरो नाम सबको सन्मति दे भगवान का संदेश हरेक हिन्दुस्तानियों के जहन में समाया था।
विदित हो राष्ट्रगान लिखने वाले गुरु रवीन्द्र नाथ टैगोर ने बापू को महात्मा कहा था जिस कारण राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की उपाधि प्राप्त हुई।
यूपीए 1 डॉ मनमोहन सिंह सरकार के दौरान 2005 में तत्कालीन ग्रामीण विकास मंत्री पूर्व केंद्रीय मंत्री श्रद्धेय डॉ रघुवंश प्रसाद सिंह के द्वारा राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर मनरेगा कानून बनाकर देश में मजदूरों 100 दिन का रोजगार गारंटी योजना लागू किया गया था ।
अफसोस है केंद्र की मोदी सरकार देश के तमाम संस्थाओं और योजनाओं का नाम बदलने का काम कर रहा है।
राजद मनरेगा कानून को निरस्त करने का कड़ा विरोध करता है और नया कानून बनाने के फैसला को राष्ट्रोधी एवं महात्मा गांधी का अपमान करार देता है।
राजद का मांग है कि देश बेतहाशा गरीबी बेरोजगारी पलायन और महंगाई को देखते हुए मजदूरों की रोजगार गारंटी योजना 150 दिन किया जाय।

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