देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। मतदाता सूची की शुद्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से देवरिया में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक विकास भवन स्थित गांधी सभागार में हुई, जिसकी अध्यक्षता प्रेक्षक सिद्धार्थ जैन, आईएएस (संयुक्त सचिव, सहकारिता मंत्रालय, भारत सरकार) ने की।
बैठक में जिलाधिकारी दिव्या मित्तल, मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह, विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) तथा निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रेक्षक ने कहा कि सटीक और अद्यतन मतदाता सूची निष्पक्ष चुनाव की बुनियाद है। मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की त्रुटि नागरिकों के मतदान अधिकार को प्रभावित कर सकती है, इसलिए निर्वाचन आयोग द्वारा नियमित रूप से विशेष पुनरीक्षण अभियान चलाए जाते हैं।
राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने पात्र मतदाताओं के नाम सूची में शामिल न होने, मृतक या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम बने रहने, नाम-पता-आयु व फोटो में त्रुटि तथा एक ही मतदाता का एक से अधिक स्थानों पर नाम दर्ज होने जैसी समस्याएं उठाईं।
प्रेक्षक ने फॉर्म-6, फॉर्म-7 और फॉर्म-8 की प्रक्रिया की जानकारी देते हुए बताया कि फॉर्म-6 से नए मतदाताओं का नाम जोड़ा जाता है, फॉर्म-7 से अपात्र या मृतक मतदाताओं का नाम हटाया जाता है और फॉर्म-8 से विवरण में संशोधन या स्थानांतरण किया जाता है।
जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने आश्वस्त किया कि प्राप्त सभी शिकायतों और सुझावों का निष्पक्ष एवं समयबद्ध निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र नागरिक मतदान अधिकार से वंचित न रहे, यह प्रशासन की प्राथमिकता है।
बैठक सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुई, जिसमें राजनीतिक दलों ने मतदाता सूची सुधार प्रक्रिया में सहयोग का भरोसा जताया।
