Tuesday, February 10, 2026
HomeNewsbeatभारत-अमेरिका ट्रेड डील का फ्रेमवर्क तैयार, टैरिफ घटेंगे, निर्यात को मिलेगा बढ़ावा

भारत-अमेरिका ट्रेड डील का फ्रेमवर्क तैयार, टैरिफ घटेंगे, निर्यात को मिलेगा बढ़ावा

भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील को लेकर स्थिति अब काफी हद तक स्पष्ट हो गई है। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्णायक नेतृत्व में भारत ने अमेरिका के साथ एक अंतरिम व्यापार समझौते के लिए फ्रेमवर्क तैयार कर लिया है। दोनों देशों की ओर से जारी संयुक्त बयान में कहा गया है कि इस फ्रेमवर्क को जल्द लागू किया जाएगा। भारत और अमेरिका ने इसे अपनी साझेदारी में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर करार दिया है।

पीयूष गोयल ने कहा कि यह समझौता भारतीय निर्यातकों के लिए बड़े अवसर लेकर आएगा। खासकर एमएसएमई, किसान और मछुआरों के लिए 30 ट्रिलियन डॉलर के अमेरिकी बाजार के दरवाजे खुलेंगे। निर्यात में वृद्धि से महिलाओं और युवाओं के लिए लाखों नए रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है।

किन क्षेत्रों को मिलेगा सीधा लाभ

इस फ्रेमवर्क के तहत अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर रेसिप्रोकल टैरिफ को घटाकर 18 फीसदी करेगा। इससे दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था में भारतीय उत्पादों की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। कपड़ा, चमड़ा, फुटवियर, प्लास्टिक और रबर उत्पाद, ऑर्गेनिक केमिकल्स, होम डेकोर, हस्तशिल्प और चुनिंदा मशीनरी जैसे क्षेत्रों से जुड़े उत्पादों को अमेरिकी बाजार में बेहतर पहुंच मिलेगी।

केंद्रीय मंत्री ने बताया कि जेनेरिक फार्मास्यूटिकल्स, जेम्स एंड डायमंड्स और विमान के पुर्जों सहित कई उत्पादों पर टैरिफ पूरी तरह शून्य कर दिए जाएंगे। इससे भारत की निर्यात क्षमता को मजबूती मिलेगी और मेक इन इंडिया को और बढ़ावा मिलेगा।

किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की सुरक्षा

पीयूष गोयल ने साफ किया कि इस समझौते में किसानों और ग्रामीण आजीविका के हितों को पूरी तरह सुरक्षित रखा गया है। मक्का, गेहूं, चावल, सोया, पोल्ट्री, दूध, पनीर, एथेनॉल (ईंधन), तंबाकू, कुछ सब्जियां और मांस जैसे संवेदनशील कृषि और डेयरी उत्पादों को पूरी तरह संरक्षित रखा गया है। उन्होंने कहा कि यह समझौता भारत की कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाए बिना आर्थिक सहयोग को गहराई देने की दिशा में अहम कदम है।

ये भी पढ़े – भारत–मलेशिया रिश्तों को नई ऊंचाई देने रवाना हुए पीएम मोदी, रणनीतिक साझेदारी पर होगा फोकस

ट्रंप का बड़ा फैसला, 25% टैरिफ हटाया

इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत भारत पर रूसी तेल खरीद के कारण लगाया गया 25 फीसदी टैरिफ पूरी तरह हटा दिया गया है। पीयूष गोयल ने पहले ही संकेत दिया था कि दोनों देश मार्च तक औपचारिक व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर करने का लक्ष्य रख रहे हैं। इसके बाद भारत अमेरिका से आयात होने वाले कई उत्पादों पर टैरिफ में कटौती करेगा।

भारत करेगा टैरिफ में कटौती

न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार, भारत अमेरिका के औद्योगिक और कृषि उत्पादों पर अपने टैरिफ को या तो हटाएगा या कम करेगा। इनमें मेवे, फल, सोया तेल, शराब और अन्य खाद्य उत्पाद शामिल हैं। इसके बदले अमेरिका भारतीय वस्त्र, परिधान, रसायन और मशीनरी पर 25 फीसदी की जगह 18 फीसदी रेसिप्रोकल टैरिफ लगाएगा।

इसके अलावा अमेरिका ने भारतीय एयरक्राफ्ट और एयरक्राफ्ट पार्ट्स पर लगे टैरिफ हटाने पर सहमति जताई है। वहीं भारत को ऑटो पार्ट्स के लिए प्रायोरिटी टैरिफ-रेट कोटा मिलेगा, जिससे इस सेक्टर को भी लाभ होगा।

अमेरिका से 500 अरब डॉलर की खरीद

भारत ने यह भी स्पष्ट किया है कि वह अगले पांच वर्षों में अमेरिका से 500 अरब डॉलर मूल्य के ऊर्जा उत्पाद, विमान, कीमती धातुएं, टेक्नोलॉजी उत्पाद और कोकिंग कोल खरीदने का इरादा रखता है। दोनों देशों ने इस प्रारंभिक समझौते को आपसी व्यापारिक संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में सकारात्मक संकेत बताया है।

कुल मिलाकर यह फ्रेमवर्क भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों में नए अध्याय की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है, जिससे निर्यात, निवेश और रोजगार सृजन को नई गति मिलने की उम्मीद है।

Read this: https://ce123steelsurvey.blogspot.com/2026/01/?m=1

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments