बिहार में बाढ़ का कहर, नदियों में उफान, कई इलाके जलमग्न

पटना (राष्ट्र की परम्परा डेस्क) बिहार में लगातार हो रही बारिश ने बाढ़ का खतरा गहरा दिया है। गंगा, कोसी, गंडक समेत राज्य की कई प्रमुख नदियां इस समय उफान पर हैं। जलस्तर बढ़ने से कई निचले इलाके और गांव जलमग्न हो गए हैं, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।

बक्सर में चौसा-मोहनिया हाइवे पर लगभग दो फुट पानी बह रहा है, जिसके कारण यातायात बाधित हो गया है। कई जगह सड़क पर नाव चलने की नौबत आ गई है। सहरसा जिले में स्थिति और भी चिंताजनक है, जहां नदी कटाव से दो घर पानी में समा गए।

मौजूदा हालात को देखते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सभी संबंधित विभागों और जिलाधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश दिया है। उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य को तेज करने तथा जरूरतमंदों तक समय पर सहायता पहुंचाने के आदेश दिए हैं।

जल संसाधन विभाग के अनुसार, नदियों का जलस्तर अभी और बढ़ सकता है, जिससे बाढ़ का संकट और गहरा सकता है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है।

Editor CP pandey

Recent Posts

यात्रियों की सुरक्षा के लिए देवरिया स्टेशन पर चला विशेष चेकिंग अभियान

देवरिया रेलवे स्टेशन पर चला सघन सुरक्षा अभियान, डॉग स्क्वाड व बम निरोधक दस्ते ने…

28 minutes ago

घर में घुसे जहरीले कोबरा ने ली मासूम की जान, 10 वर्षीय सपना की मौत से गांव में मातम

निचलौल रेफर के बाद जिला अस्पताल ले जाते समय रास्ते में तोड़ा दम, रेस्क्यू टीम…

4 hours ago

बीबीएयू में राष्ट्रीय मीडिया कार्यशाला, जिम्मेदार पत्रकारिता और फैक्ट-चेकिंग पर दिया गया जोर

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में शनिवार को जनसंचार एवं पत्रकारिता…

23 hours ago

भूगोल की पढ़ाई के खुले नए रास्ते, अब किसी भी संकाय के छात्र ले सकेंगे प्रवेश

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की विद्या परिषद ने भूगोल विषय की…

24 hours ago

भाजपा नेताओं ने कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही का किया भव्य स्वागत

बभनान/बस्ती(राष्ट्र की परम्परा)उत्तर प्रदेश सरकार के कृषि मंत्री एवं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भाजपा सूर्य प्रताप…

24 hours ago

विज्ञान और कहानी के संगम से निखरी बच्चों की प्रतिभा, ‘एससीआई-टेल्स 2026’ का भव्य आयोजन

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। राजकीय बौद्ध संग्रहालय, गोरखपुर द्वारा आयोजित 'एससीआई-टेल्स 2026 (साइंस, क्रिएटिविटी एंड…

1 day ago