Friday, January 16, 2026
Homeउत्तर प्रदेशभक्ति मार्ग से जुड़कर करे सत्कर्म : हिमेश शास्त्री

भक्ति मार्ग से जुड़कर करे सत्कर्म : हिमेश शास्त्री

बघौचघाट (राष्ट्र की परम्परा) क्षेत्र के नोनिया पट्टी टोला नामे गौरी में हो रहे श्रीमद्भागवत कथा के अंतिम दिन मथुरा वृंदावन से आए प्रख्यात कथा व्यास हिमेश शास्त्री ने कथा का रसपान करते हुए श्रीमद्भागवत की महिमा को बताते हुए कहा कि आत्मा को जन्म और मरण के बंधन से मुक्ति हेतु लोगो को भक्ति मार्ग से जुड़कर सदैव सत्कर्म करना चाहिए।कथा रसपान से व्यक्ति में धार्मिक आस्था जागृत होती है ।यज्ञ में हवन करने से वायुमंडल के साथ ही साथ वातावरण भी शुद्ध होता है।और देवी देवता भी प्रसन्न होकर भक्तो की मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।जिससे लोग संसार रूपी भाव सागर से पार हो जाते है।श्रीमद्भागवत कथा के समापन पर हवन यज्ञ कर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया।इस दौरान साधु संतों के साथ ही क्षेत्रीय श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।इस मौके पर पूर्व प्रधानाचार्य मधुसूदन मणि त्रिपाठी,श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर मेंदीपट्टी के अध्यक्ष सुरेंद्र लाल श्रीवास्तव,देवेंद्र लाल श्रीवास्तव,अनिल सिंह,मुकेश यादव,वशिष्ट राय,सुजीत यादव,राजन श्रीवास्तव,टुनटुन मिश्रा,विवेक राय,आकाश राय,मुन्ना प्रसाद,आचार्य राजू मिश्रा,परमेश मिश्रा,सुभाष राय,अवनीश राय,उमा राय,सुनील राय,विजय दास,सनोहर राय आदि उपस्थित रहे।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments