संचारी रोग नियंत्रण व दस्तक अभियान की तैयारियों की डीएम ने की समीक्षा

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान के अंतर्गत अंतर्विभागीय समन्वय समिति की बैठक आयोजित हुई। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी भी उपस्थित रहे।

बैठक में जिलाधिकारी श्री कुमार ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित कार्यक्रमों की गुणवत्ता और प्रगति की नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण स्तर पर कार्यरत आशा, एएनएम और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के कार्यों का निरीक्षण किया जाए तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही एमओआईसी को रूटीन रजिस्टर और आशा डायरी का निरीक्षण करने तथा गांवों में भ्रमण कर कार्यों का सत्यापन और आम जनता से फीडबैक लेने के निर्देश दिए गए।

मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रामानुज कनौजिया ने बताया कि राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत 01 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जाएगा, जबकि 10 अप्रैल से 30 अप्रैल तक दस्तक अभियान संचालित होगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग समेत अन्य विभागों के समन्वय से जनजागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे और वेक्टर जनित रोगों के बचाव व उपचार की जानकारी लोगों तक पहुंचाई जाएगी। उन्होंने बताया कि अभियान की मॉनिटरिंग डब्ल्यूएचओ और यूनीसेफ सहित अन्य स्वास्थ्य संगठनों द्वारा की जाएगी।

जिलाधिकारी श्री कुमार ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपसी समन्वय के साथ अभियान को सफल बनाया जाए और ग्रामीण स्तर पर घर-घर जाकर लोगों को जागरूक किया जाए। उन्होंने सभी चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने विकासखंडों में बैठक कर माइक्रो प्लान तैयार करें और 27 मार्च तक कार्ययोजना उपलब्ध कराएं।

ये भी पढ़े – Delhi LPG Crisis: 10-15 दिन बाद भी नहीं मिल रहा गैस सिलिंडर, राजधानी में ‘आश्वासन’ पर चल रही सप्लाई

शिक्षा विभाग को निर्देशित किया गया कि विद्यालयों में बच्चों को संचारी रोगों से बचाव के प्रति जागरूक किया जाए। वहीं दस्तक अभियान के तहत स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर एई/जेई और बुखार के मरीजों की पहचान करेंगे तथा जरूरत पड़ने पर 102/108 एंबुलेंस से उन्हें नजदीकी सीएचसी/पीएचसी भेजेंगे। साथ ही घरों में पानी जमा होने वाले स्थानों जैसे कूलर, गमले, टायर आदि की जांच कर लोगों को साफ-सफाई और बचाव के उपायों के प्रति जागरूक किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने नगर निकायों को साफ-सफाई, नालियों की नियमित सफाई, जल निकासी और फॉगिंग कराने के निर्देश दिए। साथ ही ग्राम स्तर पर जनप्रतिनिधियों और निगरानी समितियों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया। संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी हरिकेश यादव सहित स्वास्थ्य समिति के सदस्य, विभिन्न विभागों के अधिकारी और स्वास्थ्य संस्थानों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

ये भी पढ़े – गोरखपुर विश्वविद्यालय में ‘नवोन्मेष’ स्टार्टअप फाउंडेशन की शुरुआत, छात्रों को मिलेगा इनोवेशन का बड़ा मंच

Karan Pandey

Recent Posts

बीबीएयू में गूंजा नशामुक्त भारत का संकल्प, छात्रों ने ली शपथ

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्रव्यापी…

3 hours ago

नशा मुक्त भारत के संकल्प के साथ जिले के शिक्षण संस्थानों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। भारत सरकार और उत्तर प्रदेश शासन के उच्च शिक्षा…

3 hours ago

दो वर्षों से बिजली को तरस रही पोखरभीडा चौहान टोले की जनता-विजय रावत

भलुअनी(राष्ट्र की परम्परा)l बरहज विधानसभा के भलुअनी ब्लॉक के पोखरभीडा गाँव में चौहान टोले पर…

3 hours ago

नशामुक्त युवा ही सशक्त समाज और विकसित भारत की मजबूत नींव: सिंहपाल सिंह

नशामुक्त भारत के लिए युवाओं से जुड़े प्रधानमंत्री, महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय में सुना गया वर्चुअल…

3 hours ago

जीआरपी का ऑपरेशन सफल, स्टेशन से मोबाइल लूटने वाला आरोपी गिरफ्तार

देवरिया रेलवे स्टेशन पर लूट की वारदात का आरोपी गिरफ्तार, जीआरपी की कार्रवाई से यात्रियों…

5 hours ago

आज से फिर सक्रिय होगा मानसून, अगस्त में भी औसत से कम बारिश के आसार

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। प्रदेश में इस बार मानसून की रफ्तार उम्मीद से काफी धीमी…

11 hours ago