161 मेधावियों को मिलेंगे पदक, 301 शोधार्थियों को प्रदान की जाएगी पी-एच.डी. उपाधि

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय का 44वां दीक्षांत समारोह आज दोपहर बाबा गम्भीरनाथ प्रेक्षागृह में आयोजित होगा। समारोह की अध्यक्षता कुलाधिपति एवं उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल करेंगी। पद्मश्री प्रो. आशुतोष शर्मा, आईआईटी कानपुर के इंस्टिट्यूट चेयर प्रोफेसर, मुख्य अतिथि होंगे एवं दीक्षांत व्याख्यान देंगे। उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय तथा उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।
समारोह में कुल 76 विद्यार्थियों को पदक प्रदान किए जाएंगे, जिनमें 56 छात्राएं और 20 छात्र शामिल हैं। इस वर्ष 71 विश्वविद्यालय स्वर्ण पदक तथा 90 डोनर पदक दिए जाएंगे। इस प्रकार कुल 161 मेधावी विद्यार्थियों को पदक प्राप्त होंगे। उल्लेखनीय है कि 43वें दीक्षांत समारोह में 140 पदक वितरित हुए थे।
सत्र 2024-25 में कुल 73,887 उपाधियाँ प्रदान की जाएंगी। इनमें विश्वविद्यालय परिसर स्तर पर 7,711 तथा महाविद्यालय स्तर पर 66,176 उपाधियाँ शामिल हैं। इस प्रकार कुल 50,636 छात्राएं और 23,251 छात्र उपाधि प्राप्त करेंगे।
इस वर्ष समारोह में 301 शोधार्थियों को पी-एच.डी. उपाधि प्रदान की जाएगी। इनमें कला संकाय के 117, विज्ञान संकाय के 99, वाणिज्य के 35, शिक्षा के 31, विधि के 11 तथा कृषि संकाय के 8 शोधार्थी शामिल हैं। यह अब तक की सर्वाधिक संख्या है। गत वर्ष 43वें दीक्षांत समारोह में 166 शोधार्थियों को ही यह उपाधि दी गई थी।
समारोह की तैयारियों के अंतर्गत पूर्वाभ्यास कुलपति प्रो. पूनम टंडन के नेतृत्व में सम्पन्न हुआ। इस दौरान विद्वत पदयात्रा निकाली गई तथा मेडल विजेताओं को सम्मान ग्रहण की रिहर्सल कराई गई। अभ्यास में प्राध्यापकों ने कुलाधिपति, मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों की भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में कंपोजिट स्कूल के बच्चों ने पर्यावरण संदेश पर आधारित गीत प्रस्तुत किया। विद्यालय स्तर की प्रतियोगिताओं में विजयी तीन छात्रों को भी सम्मानित किया गया।