एडीएम प्रशासन से मिले संजय तिवारी, सौंपा मांगपत्र
अनूप तिवारी की रिपोर्ट
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के ठेकेदारों की समस्याओं को लेकर ठेकेदार कल्याण सेवा समिति उत्तर प्रदेश ने आवाज बुलंद की है। ठेकेदारों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं के समाधान की दिशा में पहल करते हुए समिति के अध्यक्ष संजय तिवारी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने 5 नवंबर 2026 को अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), देवरिया से मुलाकात की। इस दौरान ठेकेदारों से जुड़े आठ ज्वलंत मुद्दों पर विस्तार से वार्ता की गई और उनके समाधान की मांग करते हुए संबंधित अधिकारी को मांगपत्र सौंपा गया।
समिति की इस पहल से जिले के ठेकेदारों की समस्याओं को प्रशासन के समक्ष प्रभावी ढंग से रखने की कोशिश तेज हुई है। अब इन मांगों पर प्रशासन की ओर से क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर ठेकेदारों की निगाहें टिकी हैं।
बैठक में उठे मुद्दों को प्रशासन तक पहुंचाने की पहल
समिति से मिली जानकारी के अनुसार, 1 नवंबर 2026 को आयोजित बैठक में देवरिया जनपद के ठेकेदारों की विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा हुई थी। बैठक में सामने आए मुद्दों में से आठ प्रमुख और ज्वलंत विषयों को प्राथमिकता देते हुए उन्हें प्रशासन के समक्ष रखने का निर्णय लिया गया। इसी क्रम में 5 नवंबर को समिति के पदाधिकारियों ने एडीएम प्रशासन से मुलाकात कर अपनी बात रखी।
प्रतिनिधिमंडल में समिति के अध्यक्ष संजय तिवारी तथा राकेश कुमार शाही (डब्लू शाही) शामिल रहे। दोनों पदाधिकारियों ने ठेकेदारों की समस्याओं को गंभीरता से उठाते हुए उनके निराकरण के लिए प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया।
आठ मुद्दों पर चर्चा, समाधान की उम्मीद
ठेकेदार कल्याण सेवा समिति का उद्देश्य ठेकेदारों की समस्याओं को संगठित रूप से संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाना और उनके समाधान के लिए आवश्यक पहल करना है। समिति की बैठक के बाद प्रशासन से हुई यह मुलाकात इसी प्रयास की अहम कड़ी मानी जा रही है।
ठेकेदारों से जुड़े मामलों में समयबद्ध कार्रवाई, कार्यों के निष्पादन और विभागीय प्रक्रियाओं से संबंधित समस्याएं उनके कामकाज को प्रभावित कर सकती हैं। हालांकि, प्रतिनिधिमंडल की ओर से उठाए गए आठ मुद्दों का विस्तृत ब्योरा उपलब्ध नहीं कराया गया है, इसलिए उनकी अलग-अलग मांगों के संबंध में कोई अपुष्ट दावा नहीं किया जा रहा है।
अब प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी निगाहें
मांगपत्र सौंपे जाने के बाद ठेकेदारों को उम्मीद है कि उनकी समस्याओं पर गंभीरता से विचार किया जाएगा और जरूरी कदम उठाए जाएंगे। समिति की यह पहल बताती है कि ठेकेदारों से जुड़े मुद्दों को केवल बैठकों तक सीमित रखने के बजाय प्रशासन के सामने पहुंचाकर समाधान की दिशा में आगे बढ़ने का प्रयास किया जा रहा है।
अब देखना होगा कि उठाए गए आठ मुद्दों पर प्रशासन किस तरह आगे बढ़ता है और ठेकेदारों को समस्याओं से राहत दिलाने के लिए क्या कार्रवाई होती है।
मजबूत कलम की खामोशी ने झकझोरा एसपी का दिल! दिवंगत पत्रकार शोभित पांडेय के परिवार…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के बेरोजगार युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। कोल्हुई थाना क्षेत्र के बेलवा बुजुर्ग गांव के टोला भरवलिया में…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। घुघली-शिकारपुर मार्ग पर रात बरवा खुर्द गांव के पास दो बाइकों…
बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। कभी ब्रिटिश शासनकाल में व्यापार के प्रमुख केंद्र के रूप में…
लंबी बीमारी के बाद मेंदांता अस्पताल में ली अंतिम सांस, प्राथमिक विद्यालय एकइल नंबर-3 में…