सामान्य सुविधा केन्द्र प्रोत्साहन योजना में सहमति प्रदान

महराजगंज(राष्ट्र की परम्परा) जनपद के लकड़ी हस्तशिल्प एवं फर्नीचर उद्यमियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी दिनांक 29.01.2024 को मिली जब उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन विभाग की “एक जनपद एक उत्पाद (लकड़ी फर्नीचर)” के अन्तर्गत सामान्य सुविधा केन्द्र प्रोत्साहन योजना (सी०एफ०सी०) की राज्य स्तरीय स्क्रीनिंग समिति की बैठक में महराजगंज जनपद की एस०पी०वी० महराजगंज ग्रेट वुड फाउण्डेशन के रू0 7.95 करोड़ की ओ०डी०ओ०पी० (लकड़ी फर्नीचर) सामान्य सुविधा केन्द्र की स्थापना की परियोजना के लिए सैद्धान्तिक सहमति प्रदान की गई। यह ओ०डी०ओ०पी० सामान्य सुविधा केन्द्र रामपुरवा बल्डीहा, परतावल, महराजगंज में लगाया जाना प्रस्तावित है। इस ओ०डी०ओ०पी० (लकड़ी फर्नीचर) सामान्य सुविधा केन्द्र में वुड सीजनिंग एवं ट्रीटमेन्ट प्लान्ट, प्रोसेसिंग प्लान्ट (सी०एन०सी० राउटर, सी०एन०सी० बोरिंग, पैनल सॉ, हाइड्रोलिक प्रेस, एयर कम्प्रेसर इत्यादि) के अलावा डिजाईनिंग सेन्टर की स्थापना राज्य सरकार के सहयोग से की जाएगी।
उपायुक्त उद्योग अभिषेक प्रियदर्शी ने बताया कि लकड़ी उद्योग में उद्यमियों के लिए पूर्वांचल में बनने वाला इस तरह का पहला सामान्य सुविधा केन्द्र है। सामान्य सुविधा केन्द्र (सीएफसी) की स्थापना से जनपद में लकड़ी फर्नीचर उद्योग से जुड़े उद्यमियों का उत्थान होगा एवं लकड़ी फर्नीचर से सम्बन्धित उत्पाद का निर्यात भी किया जा सकेगा। उन्होंने बताया कि लकड़ी उद्यमियों को ये सारी सुविधाएं एक छत के नीचे उपलब्ध होंगी।
जिलाधिकारी अनुनय झा ने कहा कि एसएफसी की स्थापना का प्रयास लंबे समय से किया जा रहा था। इसकी स्थापना से लकड़ी उद्योग को अत्यधिक लाभ होगा और इससे लकड़ी उद्योग में लगे उद्यमियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं प्राप्त होंगी।
उपायुक्त उद्योग ने बताया कि सर्वप्रथम सीएफसी के लिए 18 जनवरी 2024 को जिलास्तरीय समिति द्वारा प्रस्ताव को अनुमोदित कर राज्यस्तरीय समिति को भेजा गया था। जिसपर विचारोपरांत राज्यस्तरीय समिति द्वारा सैद्धांतिक संस्तुति प्रदान कर दी गई। उन्होंने बताया कि चिन्हित भूमि की रजिस्ट्री एसपीवी के नाम करवाते हुए जल्द ही नक्शा पास करवाकर डीपीआर वित्तीय स्वीकृति हेतु शासन को प्रेषित कर दी जाएगी। आशा है कि अगले माह तक सीएफसी हेतु बजट का आवंटन कर दिया जाएगा।
सीएफसी में मिलने वाली सुविधाएं
सीजनिंग : निर्धारित दर पर लकड़ी को सुखाया जाता है और बोरिक ऑक्साइड से उपचारित किया जाता है, ताकि लकड़ी को कीड़ों से बचाया जा सके।
प्रोसेसिंग: लकड़ी की विभिन्न आकार और आकृति में कटाई मशीन द्वारा की जाती है।
डिजाइन सेंटर: कंप्यूटर द्वारा डिजाइन और लकड़ी की उस डिजाइन में कटाई।
रंग उपचारण संयत्र
फर्नीचर और लकड़ी के अन्य शिल्प के अनुकूल लकड़ी की रंगाई।

rkpnews@desk

Recent Posts

जंगल नाहरछपरा में विधिक जागरूकता शिविर, श्रमिकों और महिलाओं को योजनाओं की दी जानकारी

कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जंगल नाहरछपरा के बड़ा सेमरहना काली स्थान पर गुरुवार को श्रमिक…

10 hours ago

मिशन सेफ फ्यूचर के तहत चला स्कूली वाहनों का चेकिंग अभियान, तीन का चालान, पंजीयन समाप्त वाहन बंद

बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ पर परिवहन विभाग सख्त, नियमों की अनदेखी करने वाले विद्यालयों…

11 hours ago

आकाशीय बिजली का कहर: धान की रोपाई के दौरान नाबालिग और बुजुर्ग महिला की मौत

संतकबीरनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले में गुरुवार को हुई बारिश के दौरान आकाशीय बिजली गिरने…

11 hours ago

जीआरपी व बिहार पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, चोरी के मामले में वांछित अभियुक्त गिरफ्तार

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जीआरपी थाना देवरिया और बिहार पुलिस की संयुक्त टीम ने चोरी…

11 hours ago

सब्जी की फसल बर्बाद सरयू के बढ़ते जल से छोटे किसान परेशान

बरहज/देवरिया(राष्ट्र क़ी परम्परा)सरयू नदी के जलस्तर में हो रही लगातार वृद्धि से छोटे किसान परेशान…

12 hours ago

प्रदेश सरकार शिक्षकों के सम्मान और कल्याण के लिए प्रतिबद्ध: नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री

शिक्षकों व उनके परिवारों को मिलेगी कैशलेस उपचार की सुविधा, मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना…

12 hours ago