रायपुर(राष्ट्र की परम्परा डेस्क) छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को कथित करोड़ों रुपये के शराब घोटाले से जुड़े धन शोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) मामले में शनिवार को रायपुर की अदालत ने 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
यह कार्रवाई प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पाँच दिनों की हिरासत में पूछताछ पूरी होने के बाद हुई।
ईडी के वकील सौरभ पांडे ने अदालत को बताया कि चैतन्य बघेल जाँच के दौरान एजेंसी के साथ सहयोग नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पूछताछ में शराब घोटाले में उनकी भूमिका को लेकर अहम सुराग मिले हैं।
ईडी ने अदालत से न्यायिक हिरासत की माँग की थी, जिस पर सुनवाई के बाद अदालत ने चैतन्य बघेल को 6 सितंबर तक जेल भेजने का आदेश दिया।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में हुए इस कथित शराब घोटाले को लेकर पहले से ही कई राजनेताओं, अफसरों और कारोबारी लोगों पर ईडी की नज़र है। अब पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे की गिरफ्तारी और न्यायिक हिरासत से यह मामला नया राजनीतिक मोड़ ले चुका है।
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