लेख

भारत–नेपाल सांस्कृतिक सेतु के निर्माण में अवधी की भूमिका

नेपाल में अवधी संस्कृति के सशक्त संवाहक: आनन्द गिरि मायालु की प्रेरक यात्रा प्रस्तुति-चरना गौर नेपाल की बहुभाषिक पहचान में…

6 months ago

किसान से संविधान तक: भारत के राष्ट्र-निर्माण पर सांप्रदायिक हिंसा की छाया

भारत का राष्ट्र-निर्माण विमर्श बनाम सामाजिक यथार्थ:- किसान,सांप्रदायिक हिंसा और लोकतांत्रिक परीक्षा भूमिका:- एक समग्र विश्लेषण गोंदिया - 14 जनवरी…

6 months ago

मकर संक्रांति: सूर्य की गति, संस्कृति की चेतना

नवनीत मिश्र भारतीय सभ्यता प्रकृति, खगोल और जीवन के आपसी संतुलन पर आधारित रही है। इसी संतुलन की सजीव अभिव्यक्ति…

6 months ago

पशु अधिकार बनाम मानव जीवन: 20 जनवरी की सुनवाई से तय होगी भारत की सार्वजनिक सुरक्षा नीति

गोंदिया - भारत में आवारा कुत्तों का मुद्दा कोई नया नहीं है,लेकिन 13 जनवरी 2026 को सुप्रीम कोर्ट में हुई…

6 months ago

मकर संक्रांति: पतंगबाजी, आनंद, संस्कृति और चेतना

-- डॉ. सत्यवान सौरभ मकर संक्रांति भारतीय संस्कृति में सिर्फ़ एक तारीख वाला त्योहार नहीं है, बल्कि यह मौसम के…

6 months ago

महर्षि महेश योगी: आंतरिक चेतना से वैश्विक शांति तक का आध्यात्मिक प्रवास

पुनीत मिश्र भारतीय आध्यात्मिक परंपरा ने समय-समय पर ऐसे महापुरुष दिए, जिन्होंने साधना को सीमित आश्रमों और ग्रंथों से निकालकर…

6 months ago

“मास्टर दा” सूर्य सेन: क्रांति, साहस और बलिदान की अमर गाथा

भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास केवल तिथियों और घटनाओं का संकलन नहीं है, बल्कि वह उन व्यक्तित्वों की जीवंत स्मृति…

6 months ago

राजनीतिक शक्ति नहीं, आध्यात्मिक नेतृत्व : विवेकानंद की ‘विश्वगुरु भारत’ की अवधारणा

स्वामी विवेकानंद का ‘विश्वगुरु भारत’ : खंडित विश्व के लिए वेदांत की प्रासंगिकता (जहाँ से विश्व को दिशा मिले :…

6 months ago

विश्वविद्यालय, सत्ता और साहित्य की अपमानित गरिमा

डॉ. प्रियंका सौरभ गुरु घासीदास विश्वविद्यालय, बिलासपुर, छत्तीसगढ़ में आयोजित एक साहित्यिक कार्यक्रम के दौरान हिन्दी के वरिष्ठ कथाकार मनोज…

6 months ago