जलपाईगुड़ी/पश्चिम बंगाल(राष्ट्र की परम्परा)
प्रसिद्ध लेखक संजय अग्रवाल ने अपनी नवीनतम पुस्तक “द आर्ट ऑफ सेल्फ-केयर” का विमोचन किया। उन्होंने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि यह पुस्तक आज के समय की माँग है। दाम्पत्य जीवन के सारे सुख, पेशेवर उपलब्धियाँ प्राप्त करने के बाद भी आज किस तरह व्यक्ति आत्म-संदेह, चिंता और जलन से जूझ रहा है। इन कड़वी सच्चाइयों को, सागर एक सफल चार्टर्ड एकाउंटेंट और नीलम, एक समर्पित शिक्षिका के चरित्र द्वारा उद्घाटित किया गया है। दोनों पति-पत्नी अपने जीवन को बदलने के लिए कई रणनीतियाँ अपनाते हैं जिसमें सेल्फ केयर (स्व-देखभाल या आत्म-देखभाल) सबसे अधिक आवश्यक जान पड़ता है। सबसे पहले अपने आप से प्यार करना जरूरी है, तभी आप दूसरे को भी सकारात्मक दृष्टि प्रदान कर सकते हैं। यह पुस्तक दस व्यावहारिक अध्यायों में बँटी हुई है, जो व्यक्तिगत विकास के साथ-साथ संतुलित जीवन जीने की कला भी सिखाती है।
“द आर्ट ऑफ सेल्फ-केयर” का ई-बुक संस्करण गूगल प्ले बुक्स पर निःशुल्क उपलब्ध है, जिसे पाठक अपने स्मार्टफोन, टैबलेट या ई-रीडर पर आसानी से एक्सेस कर सकते हैं। यदि पुस्तक को कोई ऑडियो रूप में सुनना चाहे तो इसका आकर्षक वर्णन कुकू एफएम पर उपलब्ध है, जो अत्यंत ही प्रभावकारी है।
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