Thursday, June 25, 2026
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गैस-पेट्रोल की बढ़ती कीमतों पर सपा का विरोध, जनता की समस्याओं को लेकर उठी आवाज

भाजपा सरकार की नीतियों पर सपा लोहिया वाहिनी का हमला, महंगाई-बेरोजगारी को लेकर उठाए सवाल


देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। समाजवादी लोहिया वाहिनी के जिलाध्यक्ष दिव्यांश श्रीवास्तव ने शनिवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार पर जनविरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार लगातार बढ़ रहा है, जिससे आम जनता परेशान है।
दिव्यांश श्रीवास्तव ने कहा कि चुनाव समाप्त होते ही गैस सिलेंडर, पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ने से आम लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार महंगाई नियंत्रित करने में पूरी तरह असफल साबित हुई है। बढ़ती बेरोजगारी के कारण शिक्षित युवा निराश हैं और रोजगार के अभाव में मानसिक दबाव झेल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के कई सरकारी विभागों में भ्रष्टाचार बढ़ता जा रहा है और अधिकारी-कर्मचारी बेलगाम हो चुके हैं। किसानों और व्यापारियों की समस्याओं की अनदेखी की जा रही है। पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों से खेती-किसानी की लागत बढ़ रही है, जिससे किसानों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है।
सपा नेता ने प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और आम जनता को न्याय नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में गरीब, किसान और आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
दिव्यांश श्रीवास्तव ने कहा कि उत्तर प्रदेश शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून व्यवस्था जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में पिछड़ता जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में प्रदेश की जनता भाजपा सरकार को सत्ता से बाहर करने का निर्णय लेगी।

80 वर्ष की उम्र में अंग्रेजों को ललकारने वाले वीर कुंवर सिंह को बलिया में भावभीनी श्रद्धांजलि


बलिया (राष्ट्र की परंपरा) प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के महानायक बाबू कुंवर सिंह के बलिदान दिवस पर जनपद भर में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसी क्रम में स्थानीय पंडित दीनदयाल चबूतरा पर एक भव्य सभा का आयोजन हुआ, जहां बड़ी संख्या में लोगों ने एकत्र होकर वीर सपूत को नमन किया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भाजपा नेता व समाजसेवी अनूप सिंह ने पुष्पांजलि अर्पित करते हुए कहा कि बाबू कुंवर सिंह भारतीय स्वाभिमान, साहस और वीरता के अद्वितीय प्रतीक थे। उन्होंने कहा कि 80 वर्ष की आयु में जिस अदम्य साहस के साथ उन्होंने अंग्रेजी हुकूमत को चुनौती दी, वह आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उनका जीवन इस बात का प्रमाण है कि देशभक्ति के लिए उम्र नहीं, बल्कि दृढ़ संकल्प और मजबूत इरादों की आवश्यकता होती है।
सभा में वक्ताओं ने उनके संघर्षों को याद करते हुए बताया कि 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में कुंवर सिंह ने न केवल ब्रिटिश शासन के खिलाफ बिगुल फूंका, बल्कि सीमित संसाधनों के बावजूद अपनी रणनीति और नेतृत्व क्षमता से कई मोर्चों पर अंग्रेजों को पराजित किया। उनका साहस और नेतृत्व भारतीय इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में अंकित है।
इस अवसर पर संजय राय, सोनू सिंह, संजय चौबे, अमित सिंह, अभिषेक यादव, अंकित ठाकुर सहित दर्जनों गणमान्य नागरिक, युवा और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने उनके आदर्शों पर चलने और राष्ट्रहित में योगदान देने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ, जहां उपस्थित लोगों ने वीर कुंवर सिंह के बलिदान को नमन करते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प दोहराया।

जीवन का कुरुक्षेत्र

✍️ विजय गुंजन

जीवन के कुरुक्षेत्र में हर मोड़ पर चक्रव्यूह रचे हैं
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
अर्जुन का गांडीव है ये मन
और विचार गदा भीम की

बिना पार्थ के कलयुग में यहां तो लड़ना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
हर पल यहाँ चौसर का खेल
जय पराजय दोनों का मेल

जब वनवास दुखों का आये तो सहना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
दुशासन और शकुनि का डेरा
चारों ओर दुर्योधनों का घेरा

लाक्षागृह की लपटों से तुझको तो बचना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
महायुद्ध विकराल है ये
सबसे कठिन सवाल है ये

गीता के संदेशों को स्वयं से तो कहना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
अंत नहीं ये शांति पर्व का
समय है ये एक नए गर्व का

विपदाओं के अवशेषों से ही नया नगर रचना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
मर्यादाओं ने तोड़ी मर्यादा
ह्रदय हो गया आधा आधा

इच्छाओं को कम करने का वचन तो रखना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा
इस बार सुनेगें विदुर की बात
पुत्र मोह को मिलेगी मात

अंत:करण के विधानों को बिना शर्त बदलना ही पड़ेगा
चाहे जितना प्रयत्न कर लो युद्ध तो करना ही पड़ेगा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन की तैयारियों को लेकर नपा सभागार में बैठक, कार्यक्रम को सफल बनाने पर जोर

बराव में प्रस्तावित मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को लेकर जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं ने बनाई रणनीति

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) नगर पालिका परिषद गौरा बरहज के सभागार में नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता जायसवाल की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में 26 जून 2026 को बराव में प्रस्तावित उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन एवं कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश विकास, सुशासन, सुरक्षा, निवेश, महिला सशक्तिकरण और जनकल्याण के क्षेत्र में निरंतर नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है। उनका आगमन क्षेत्र के लिए गौरव, प्रेरणा और विकास की नई संभावनाओं का संदेश लेकर आ रहा है।

इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष काली प्रसाद एवं जिला उपाध्यक्ष राजेश मिश्रा विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने पार्टी की जनकल्याणकारी नीतियों, संगठन की मजबूती तथा कार्यक्रम की सफलता के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री के आगमन को भव्य, ऐतिहासिक और सफल बनाने के लिए विभिन्न व्यवस्थाओं एवं जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। उपस्थित कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम में अंगद तिवारी, विवेक गुप्ता, जोखन निषाद, विद्यानंद तिवारी, धर्मवीर सिंह ‘पप्पू’, सचिन सिंह, कुश भगत, अभयानंद तिवारी, आशुतोष तिवारी, रतन सोनकर, अशोक सोनकर, सन्नी विश्वकर्मा, गोविंद, शुभम निषाद, सुशील यादव, सुदामा वर्मा, नवाब हुसैन, सतेन्द्र यादव, अर्जुन भारती एवं अमरेन्द्र सिंह सहित भाजपा के कई पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

बैठक के अंत में नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता जायसवाल ने सभी नियमित, संविदा एवं आउटसोर्स कर्मचारियों से कार्यक्रम में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर अपनी सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

सुरक्षा मानकों में लापरवाही पर प्रशासन का सख्त एक्शन, 32 संस्थानों की जांच; 15 को नोटिस, 3 सील

कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी और नर्सिंग होमों में चला संयुक्त निरीक्षण अभियान, फायर व विद्युत सुरक्षा व्यवस्थाओं की हुई जांच

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा) जनपद में सार्वजनिक स्थलों पर सुरक्षा मानकों के अनुपालन को सुनिश्चित करने और संभावित अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम के उद्देश्य से बुधवार को प्रशासन एवं पुलिस की संयुक्त टीमों ने व्यापक निरीक्षण अभियान चलाया। अभियान के तहत कोचिंग संस्थानों, लाइब्रेरी, अध्ययन केंद्रों तथा नर्सिंग होमों की सघन जांच की गई। सुरक्षा मानकों में गंभीर खामियां मिलने पर 15 संस्थानों को नोटिस जारी किया गया, जबकि तीन संस्थानों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।

जिलाधिकारी गौरव सिंह सोंगरवाल एवं पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी के निर्देश पर संचालित इस विशेष अभियान में उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, अग्निशमन विभाग, नगर निकाय और अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त टीमों ने भाग लिया। अधिकारियों ने विभिन्न संस्थानों में पहुंचकर फायर सेफ्टी और विद्युत सुरक्षा से जुड़े मानकों का निरीक्षण किया।

जांच के दौरान अग्निशमन यंत्रों की उपलब्धता एवं कार्यशीलता, आपातकालीन निकास मार्ग (फायर एग्जिट), भवनों में वेंटिलेशन व्यवस्था, विद्युत वायरिंग, शॉर्ट सर्किट से बचाव के उपाय तथा आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों का परीक्षण किया गया। अधिकारियों ने संस्थान संचालकों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए।

जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कुल 32 संस्थानों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान कई संस्थानों में फायर सुरक्षा उपकरणों की कमी, आपातकालीन निकास व्यवस्था में खामियां और विद्युत सुरक्षा मानकों की अनदेखी सामने आई। इसके चलते 15 संस्थानों को नोटिस जारी कर निर्धारित समय सीमा में कमियां दूर करने के निर्देश दिए गए।

वहीं, तीन संस्थानों में गंभीर स्तर की अनियमितताएं पाए जाने पर प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों, मरीजों और आम नागरिकों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

प्रशासन और पुलिस ने कहा कि जनहित एवं जनसुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ऐसे संयुक्त निरीक्षण अभियान आगे भी नियमित रूप से चलाए जाएंगे, ताकि संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सके और सुरक्षा मानकों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित किया जा सके।

मोहन सेतु निर्माण की मांग को लेकर कांग्रेसियों की पदयात्रा, जल सत्याग्रह का ऐलान

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) नगर स्थित कांग्रेस कार्यालय लाजपत भवन से मोहन सेतु निर्माण की मांग को लेकर कांग्रेस प्रवक्ता रविप्रताप सिंह के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं एवं क्षेत्रीय जनता ने पदयात्रा निकाली। पदयात्रा लाजपत भवन से शुरू होकर मोहन सेतु स्थल तक पहुंची, जहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने धरना देकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।

पदयात्रा के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “कांग्रेस पार्टी जिंदाबाद”, “राहुल गांधी जिंदाबाद” तथा “बरहज की धरती करे पुकार, मोहन सेतु दे दो सरकार” जैसे नारे लगाए। मोहन सेतु पहुंचने के बाद कार्यकर्ताओं ने निर्माण कार्य में हो रही देरी के विरोध में धरना दिया।

इस अवसर पर कांग्रेस प्रवक्ता रविप्रताप सिंह ने कहा कि वर्षों से निर्माणाधीन मोहन सेतु की ओर सरकार और प्रशासन ने आंखें मूंद रखी हैं। उन्होंने कहा कि बुधवार को धरने के माध्यम से शासन-प्रशासन को जगाने का प्रयास किया गया है। गुरुवार को कांग्रेस कार्यकर्ता और स्थानीय जनता जल सत्याग्रह करेंगे, जबकि शुक्रवार को जिले के सभी कांग्रेसजन मोहन सेतु निर्माण की मांग को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेंगे।

रविप्रताप सिंह ने कहा कि मोहन सेतु क्षेत्र की जनता की लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण मांग है। इसके निर्माण में हो रही देरी से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग की। धरना-प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, पदाधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

बांस की खेती बनेगी किसानों की आय बढ़ाने का मजबूत आधार, पर्यावरण संरक्षण में भी निभा रही अहम भूमिका

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किसानों की आय बढ़ाने, कृषि को लाभकारी बनाने और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए बांस की खेती (Bamboo Cultivation) एक प्रभावी विकल्प के रूप में तेजी से उभर रही है। महर्षि यूनिवर्सिटी ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, लखनऊ के महर्षि स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर के डीन डॉ. धीरज यादव के अनुसार बांस की खेती किसानों के लिए दीर्घकालिक आय, रोजगार सृजन और पर्यावरणीय संतुलन का सशक्त माध्यम बन सकती है।

बांस को “हरा सोना” (Green Gold) और “गरीबों की लकड़ी” (Poor Man’s Timber) कहा जाता है। यह विश्व के सबसे तेजी से बढ़ने वाले पौधों में शामिल है तथा इसकी उपयोगिता भवन निर्माण, हस्तशिल्प, कृषि उपकरण, फर्नीचर, कागज उद्योग, अगरबत्ती निर्माण, प्लाईवुड, जैव ईंधन और निर्यात उद्योग तक फैली हुई है।

विशेषज्ञों के अनुसार बांस की सबसे बड़ी विशेषता इसकी दीर्घकालिक उत्पादन क्षमता है। एक बार रोपण करने के बाद बांस 3 से 4 वर्षों में उत्पादन देना शुरू कर देता है और लगभग 40 से 50 वर्षों तक लगातार उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है। इससे किसानों को स्थायी आय का स्रोत मिलता है।

भारत के अधिकांश राज्यों में बांस की खेती सफलतापूर्वक की जा सकती है। इसके लिए अच्छी जल निकासी वाली दोमट या बलुई दोमट मिट्टी तथा उष्ण एवं उपोष्ण जलवायु उपयुक्त मानी जाती है। आधुनिक टिश्यू कल्चर तकनीक के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले पौधों की उपलब्धता से उत्पादन और गुणवत्ता दोनों में सुधार हुआ है।

आर्थिक दृष्टि से बांस की खेती कम लागत और कम रखरखाव वाली फसल है। घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती मांग किसानों को बेहतर मूल्य दिलाने में मदद कर रही है। कृषि वानिकी (Agroforestry) प्रणाली में बांस को शामिल कर किसान अतिरिक्त आय अर्जित कर सकते हैं।

बांस की खेती ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन का भी महत्वपूर्ण साधन बन रही है। पौध उत्पादन, नर्सरी प्रबंधन, कटाई, प्रसंस्करण, फर्नीचर निर्माण और हस्तशिल्प उद्योग से बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिल रहा है। ग्रामीण युवाओं और महिलाओं के लिए यह स्वरोजगार का एक बेहतर अवसर साबित हो रही है।

पर्यावरण संरक्षण में भी बांस की महत्वपूर्ण भूमिका है। यह बड़ी मात्रा में कार्बन डाइऑक्साइड अवशोषित कर ऑक्सीजन उत्सर्जित करता है, जिससे जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में सहायता मिलती है। इसकी मजबूत जड़ें मृदा अपरदन रोकने और भूमि की उर्वरता बनाए रखने में सहायक होती हैं।

भारत सरकार का राष्ट्रीय बांस मिशन (National Bamboo Mission) किसानों को गुणवत्तायुक्त पौधे, तकनीकी प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और वित्तीय सहायता प्रदान कर रहा है। सरकार के इन प्रयासों से किसानों में बांस की व्यावसायिक खेती के प्रति रुचि लगातार बढ़ रही है।

डॉ. धीरज यादव का मानना है कि यदि किसानों को आधुनिक तकनीक, प्रसंस्करण सुविधाएं और बेहतर बाजार उपलब्ध कराए जाएं, तो बांस की खेती ग्रामीण विकास, रोजगार और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है। वर्तमान समय में यह खेती किसानों की आर्थिक समृद्धि और पर्यावरण संरक्षण का एक मजबूत आधार बनकर उभर रही है।

सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की

✍️ विजय गुंजन

भारत की भाग्यरेखा से भ्रष्टाचार का अंधकार मिटे,
जन-जन की चेतना से नवक्रांति का बिगुल फूटे।
उत्तर से दक्षिण, पूर्व से पश्चिम तक,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

बौद्धिक संवाद का विस्तार हो, विवादों का अंत हो,
दुराचारी नेतृत्व का प्रभाव क्षीण और जनमत प्रबल हो।
लोकतंत्र के मंदिर से लेकर जनता के घर-आँगन तक,
मानव अधिकारों पर कोई अतिक्रमण न हो।
जनहित के पक्ष में व्यवस्था का नव निर्माण हो,
अमीरों के महलों से लेकर गरीबों की झोपड़ियों तक,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

रक्तरंजित विचारों का परित्याग आवश्यक है,
मन में उठी नफरत की दीवारों का विनाश आवश्यक है।
मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारा और चर्च के द्वारों तक,
सद्भाव का संदेश पहुँचे,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

समय की पुकार है कि राष्ट्र सुरक्षित और सशक्त बने,
शांति, न्याय और एकता के पथ पर देश अखंड रहे।
सड़क से खलिहान तक, धरा से आसमान तक,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

अपराध को संरक्षण नहीं, दंड मिले,
न्याय की चौखट पर कोई निर्दोष अश्रु न बहाए।
कोतवाली से अदालत तक व्यवस्था सुदृढ़ हो,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

सत्यनिष्ठ पत्रकारिता का सम्मान हो,
भ्रष्टाचार और शोषण करने वाला हर अधिकारी जवाबदेह हो।
सवर्ण, पिछड़े, दलित और वंचित सभी वर्गों तक,
समान अवसर और सम्मान पहुँचे,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

ज्ञान का प्रकाश फैले, तर्क का सम्मान हो,
अंधविश्वास पर विवेक की विजय हो।
भौतिक से अभौतिक, लौकिक से पारलौकिक चिंतन तक,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

सागर, सरिता और सरोवर सदैव हरित और स्वच्छ रहें,
वन, वृक्ष और वन्यजीव सुरक्षित एवं प्रसन्न रहें।
शहर से गाँव तक, भोर की किरणों से संध्या की छाँव तक,
प्रकृति और मानव का संतुलन बना रहे,
सही अर्थों में तभी होगी जय भारत माता की।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर बरहज में उत्साह के साथ आयोजित हुए योग कार्यक्रम

नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता जायसवाल की सहभागिता में सैकड़ों लोगों ने किया योगाभ्यास

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर नगर पालिका परिषद गौरा बरहज क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर योग कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रमों में नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता जायसवाल की सक्रिय सहभागिता रही, जबकि जनप्रतिनिधियों, महिलाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, नगर पालिका कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

हर्ष चंद इंटर कॉलेज परिसर, अध्यक्ष आवास और बेचू शाह पोखरा सहित विभिन्न स्थानों पर आयोजित योग कार्यक्रमों में लोगों ने योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।

हर्ष चंद इंटर कॉलेज के प्रांगण में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं, नगर पालिका परिषद गौरा बरहज के कर्मचारियों एवं नगरवासियों के साथ नगर पालिका अध्यक्ष श्वेता जायसवाल ने योगाभ्यास किया। इस दौरान उन्होंने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए सभी से नियमित योग को जीवन का हिस्सा बनाने की अपील की।

इसके अलावा अध्यक्ष आवास पर महिलाओं के लिए विशेष योग कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें नगर पालिका की महिला कर्मचारी, नगर की सम्मानित महिलाएं और मातृशक्ति ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

वहीं बरहज योगा टीम द्वारा बेचू शाह पोखरा पर आयोजित वृहद योग कार्यक्रम में भी नगर पालिका अध्यक्ष ने सहभागिता की। कार्यक्रम में सैकड़ों नागरिकों ने भाग लिया, जहां योग प्रशिक्षक दीनबंधु मद्देशिया ने विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया।

कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए नगर पालिका परिषद गौरा बरहज द्वारा सभी स्थलों पर विशेष साफ-सफाई एवं आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं। उपस्थित नागरिकों ने इस व्यवस्था के लिए नगर पालिका प्रशासन और अध्यक्ष श्वेता जायसवाल का आभार व्यक्त किया।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर आयोजित इन कार्यक्रमों ने स्वास्थ्य, जागरूकता और सामुदायिक सहभागिता का सकारात्मक संदेश दिया।

मानसून से पहले पशुओं का टीकाकरण क्यों जरूरी? खेड़ली गद्दीयान से शुरू हुआ जागरूकता अभियान

अदाणी फाउंडेशन ने 3,000 पशुओं के टीकाकरण का रखा लक्ष्य, गलघोंटू बीमारी से बचाव पर जोर

राजस्थान (राष्ट्र की परम्परा) ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन लाखों परिवारों की आजीविका का प्रमुख आधार है। ऐसे में पशुओं को मौसमी बीमारियों से सुरक्षित रखना किसानों की आर्थिक सुरक्षा और पशुधन संरक्षण के लिए बेहद आवश्यक है। इसी उद्देश्य से अदाणी फाउंडेशन, कवाई द्वारा वार्षिक पशु टीकाकरण अभियान की शुरुआत खेड़ली गद्दीयान गांव से की गई है।

अभियान के तहत पशुओं को हेमरेजिक सेप्टीसीमिया (एचएस), जिसे सामान्य भाषा में गलघोंटू रोग कहा जाता है, से बचाने के लिए टीके लगाए जा रहे हैं। पशु चिकित्सकों के अनुसार यह एक गंभीर जीवाणुजनित बीमारी है, जो मानसून के दौरान तेजी से फैलती है और समय पर उपचार न मिलने पर पशुओं की मृत्यु का कारण बन सकती है।

अदाणी फाउंडेशन द्वारा संचालित इस अभियान का लक्ष्य लगभग 3,000 पशुओं का टीकाकरण करना है। अब तक करीब 200 पशुओं को टीका लगाया जा चुका है। इसके साथ ही पशुपालकों को पशु स्वास्थ्य प्रबंधन, स्वच्छता, नियमित टीकाकरण और रोगों की शुरुआती पहचान के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है।

विशेषज्ञों का कहना है कि बारिश के मौसम में बढ़ी हुई नमी और संक्रमण का खतरा पशुओं को अधिक संवेदनशील बना देता है। ऐसे में मानसून से पहले किया गया टीकाकरण बीमारी की रोकथाम का सबसे प्रभावी उपाय माना जाता है। इससे पशुधन की सुरक्षा के साथ-साथ दूध उत्पादन और पशुपालकों की आय पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव को भी कम किया जा सकता है।

ग्रामीण विकास विशेषज्ञों के अनुसार जागरूकता की कमी के कारण कई पशुपालक समय पर टीकाकरण नहीं करा पाते, जिससे संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में गांव स्तर पर आयोजित टीकाकरण शिविर पशुपालकों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने और वैज्ञानिक पशुपालन को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

अदाणी फाउंडेशन का यह अभियान पशुओं के स्वास्थ्य में सुधार, पशुधन मृत्यु दर में कमी और ग्रामीण परिवारों की आजीविका को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

भाजपा कार्यकर्ताओं ने प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद यादव का भव्य स्वागत किया

दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण 2026 कार्यक्रम की समीक्षा बैठक को लेकर देवरिया पहुंचे प्रदेश उपाध्यक्ष

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद यादव के जिले में प्रथम आगमन पर बरहज देहात मंडल के कपरवार चौराहे पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। कार्यकर्ताओं ने गाजे-बाजे और फूल-मालाओं के साथ उनका अभिनंदन किया।

इस अवसर पर प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद यादव ने बताया कि दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण 2026 कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद स्तर पर आयोजित होने वाली आगामी बैठक के लिए उन्हें संगठन द्वारा प्रभारी के रूप में भेजा गया है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए जिले के कार्यकर्ताओं के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें प्रशिक्षण कार्यक्रम की तैयारियों और संगठनात्मक गतिविधियों पर चर्चा होगी।

उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन को और मजबूत बनाने तथा आगामी कार्यक्रमों को सफलतापूर्वक संपन्न कराने का आह्वान किया। स्वागत कार्यक्रम में रामजोखन निषाद, शत्रुघ्न सिंह विशेन, विश्राम मणि, सीताराम निषाद, अनिल पासवान, सत्य प्रकाश मिश्रा, भूटानी बाबा, जयशंकर तिवारी, संजय पासवान सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिला और उन्होंने प्रदेश उपाध्यक्ष का गर्मजोशी के साथ स्वागत किया।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर टीचर्स ऑफ बिहार की अनूठी पहल, 3000 से अधिक प्रतिभागियों ने ऑनलाइन क्विज में लिया हिस्सा

सफल प्रतिभागियों को प्रदान किया गया निःशुल्क डिजिटल प्रमाणपत्र

पटना (राष्ट्र की परम्परा) अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के अवसर पर शिक्षकों, विद्यार्थियों और अभिभावकों में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से टीचर्स ऑफ बिहार द्वारा आयोजित “अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस विशेष ऑनलाइन क्विज प्रतियोगिता-2026” को व्यापक सफलता मिली। प्रतियोगिता में 3,000 से अधिक प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सफलतापूर्वक क्विज पूर्ण करने वाले सभी प्रतिभागियों को निःशुल्क डिजिटल प्रमाणपत्र प्रदान किया गया।

ऑनलाइन क्विज प्रतियोगिता में योग के महत्व, इतिहास और स्वास्थ्य लाभों से जुड़े रोचक एवं ज्ञानवर्धक प्रश्न शामिल किए गए थे। इस पहल के माध्यम से प्रतिभागियों को योग के प्रति जागरूक करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।

टीचर्स ऑफ बिहार के फाउंडर शिव कुमार और टेक्निकल टीम लीडर ई. शिवेंद्र प्रकाश सुमन ने कहा कि डिजिटल माध्यम से आयोजित ऐसी रचनात्मक गतिविधियों का उद्देश्य शिक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य और जीवनशैली से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों के प्रति लोगों को जागरूक करना है। उन्होंने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है और इसे जन-जन तक पहुंचाने के लिए ऐसे प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।

क्विज क्रिएटर अनुपमा प्रियदर्शिनी और क्विज ऑर्गनाइजर मृत्युंजयम ने बताया कि प्रतियोगिता को लेकर शिक्षकों, विद्यार्थियों और अभिभावकों में काफी उत्साह देखने को मिला। प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

प्रदेश प्रवक्ता रंजेश कुमार और प्रदेश मीडिया संयोजक मृत्युंजय कुमार ने कहा कि टीचर्स ऑफ बिहार नवाचार, डिजिटल लर्निंग और शैक्षणिक गतिविधियों के माध्यम से शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को जोड़ने का कार्य लगातार कर रहा है। भविष्य में भी इसी प्रकार की ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक गतिविधियों का आयोजन किया जाता रहेगा।

आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों, शिक्षकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि “करें योग, रहें निरोग” का संदेश समाज के हर वर्ग तक पहुंचाना इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य है।

स्वास्थ्य सेवाओं की समस्याओं को लेकर राष्ट्रीय समानता दल ने उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक को सौंपा ज्ञापन

देवरिया में चिकित्सकों की कमी और स्थानांतरण नीति की समीक्षा की मांग

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा) राष्ट्रीय समानता दल के प्रदेश अध्यक्ष संजयदीप कुशवाहा ने उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक से मुलाकात कर जनपद देवरिया की स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को उनके समक्ष उठाया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में सुधार और चिकित्सकों की तैनाती को लेकर एक विस्तृत ज्ञापन भी सौंपा।

ज्ञापन में बताया गया कि जनपद देवरिया पहले से ही चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मचारियों की कमी का सामना कर रहा है। ऐसे में मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) के अधीक्षकों एवं प्रभारियों के बड़े पैमाने पर किए गए स्थानांतरणों से स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हुई हैं।

संजयदीप कुशवाहा ने कहा कि कई स्वास्थ्य केंद्रों की कार्यप्रणाली बाधित हुई है, जिससे मरीजों को आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि हाल ही में किए गए स्थानांतरण आदेशों की उच्चस्तरीय समीक्षा कराई जाए और जनहित के प्रतिकूल स्थानांतरणों को निरस्त अथवा संशोधित किया जाए।

उन्होंने यह भी मांग की कि जनपद देवरिया में चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मचारियों के रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्तियां सुनिश्चित की जाएं, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाया जा सके।

उप मुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और जनहित से जुड़े मुद्दों पर आवश्यक परीक्षण एवं उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।

संजयदीप कुशवाहा ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए और ग्रामीण क्षेत्रों के गरीब एवं जरूरतमंद लोगों तक बेहतर चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना समय की आवश्यकता है।

कैंपियरगंज हत्याकांड का खुलासा: मामी की हत्या कर जेवरात लूटने वाली भांजी गिरफ्तार

तानों से नाराज होकर रची हत्या की साजिश, जंगल में ले जाकर चाकू से काटा गला

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा) कैंपियरगंज थाना क्षेत्र के जंगल बब्बन में वृद्ध महिला की हत्या के मामले का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए मृतका की भांजी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, पारिवारिक तानों से नाराज होकर आरोपी भांजी ने अपनी मामी की हत्या की साजिश रची और वारदात को अंजाम देने के बाद उनके जेवरात लूटकर फरार हो गई।

एसपी नॉर्थ ज्ञानेंद्र ने पुलिस लाइन स्थित व्हाइट हाउस सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि 21 जून 2026 को जंगल बब्बन के पास सड़क से लगभग 150-200 मीटर अंदर एक 60 वर्षीय महिला का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और परिजनों की तहरीर पर कैंपियरगंज थाने में मुकदमा दर्ज किया गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस, सर्विलांस और एसओजी टीम को जांच में लगाया गया। जांच के दौरान संदेह के आधार पर राधिका पासवान को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जहां उसने हत्या की बात स्वीकार कर ली।

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि मृतका उसकी मामी थी और अक्सर उसे ताने देती थी। इसी बात से आहत होकर उसने हत्या की योजना बनाई। 20 जून को उसने अपनी मामी को बेटी की शादी की बातचीत के बहाने रामपुर बुलाया और फिर कैंपियरगंज की ओर लेकर गई।

रास्ते में जंगल के पास शौच का बहाना बनाकर दोनों नीचे उतरीं। जंगल के अंदर पहुंचने पर दोनों के बीच संघर्ष हुआ, जिसके बाद आरोपी ने चाकू से गले पर वार कर मामी की हत्या कर दी। हत्या के बाद उसने मृतका के शरीर से जेवरात उतार लिए और मौके से फरार हो गई।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त चाकू, चांदी की पायल, अंगूठियां, सोने के टप्स, किल, ओम लॉकेट, टूटी हुई सोने की चेन और मोबाइल फोन बरामद किया है। बरामदगी के आधार पर मुकदमे में अतिरिक्त धाराएं भी बढ़ाई गई हैं।

एसपी नॉर्थ ने बताया कि मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही मामले की विस्तृत जांच जारी है। उन्होंने कहा कि जिले में अपराध और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

एआई और मशीन लर्निंग आधारित डेंगू पूर्वानुमान मॉडल विकसित, बीबीएयू के शोध को मिली अंतरराष्ट्रीय मान्यता

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा) बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) के वैज्ञानिकों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग आधारित एक उन्नत डेंगू पूर्वानुमान मॉडल विकसित किया है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिली है। यह शोध स्प्रिंगर नेचर की प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिका Discover Public Health में प्रकाशित हुआ है।

बीबीएयू के जैव प्रौद्योगिकी विभाग के डॉ. युसुफ़ अख़्तर और सांख्यिकी विभाग के डॉ. सुभाष कुमार यादव द्वारा किए गए इस अध्ययन में भारत के विभिन्न राज्यों में डेंगू के प्रसार और मृत्यु दर का पूर्वानुमान लगाने के लिए आधुनिक एआई और मशीन लर्निंग तकनीकों का उपयोग किया गया है।

शोधकर्ताओं ने वर्ष 2017 से 2024 तक के डेंगू मामलों और मृत्यु दर के आंकड़ों का विश्लेषण करते हुए पांच प्रमुख पूर्वानुमान मॉडलों—नैव विधि, सरल घातांकीय स्मूदिंग (SES), ऑटो-रिग्रेसिव इंटीग्रेटेड मूविंग एवरेज (ARIMA), रैखिक प्रतिगमन (LR) और सपोर्ट वेक्टर रिग्रेशन (SVR)—का परीक्षण किया।

अध्ययन की विशेषता यह रही कि प्रत्येक राज्य के लिए अलग-अलग सर्वश्रेष्ठ मॉडल का चयन किया गया, जिससे स्थानीय महामारी विज्ञान स्थितियों के अनुरूप अधिक सटीक पूर्वानुमान संभव हो सका।

शोध के अनुसार उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, पंजाब और महाराष्ट्र में वर्ष 2025 के दौरान डेंगू मामलों और मृत्यु दर में वृद्धि की संभावना है। वहीं, केरल में डेंगू का केस फेटेलिटी रेट (CFR) देश में सबसे अधिक पाया गया, जो स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा की आवश्यकता को दर्शाता है।

शोधकर्ताओं का मानना है कि यह अध्ययन केवल डेंगू पूर्वानुमान तक सीमित नहीं है, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य नीति निर्माण, संसाधन आवंटन, वेक्टर नियंत्रण अभियान और आपदा प्रबंधन रणनीतियों के लिए भी महत्वपूर्ण वैज्ञानिक आधार प्रदान करता है।

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने इस उपलब्धि पर शोध दल को बधाई देते हुए इसे विश्वविद्यालय के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया। कार्यक्रम के दौरान विभाग के शिक्षकों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों ने भी शोधकर्ताओं को शुभकामनाएं दीं।

गोरखपुर में तिहरा हत्याकांड: 16 वर्षीय छोटे भाई ने बड़े भाई, भाभी और मासूम बेटे की धारदार हथियार से की हत्या

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा) उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के बांसगांव थाना क्षेत्र में रविवार देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। पारिवारिक विवाद के चलते एक 16 वर्षीय किशोर पर अपने बड़े भाई, भाभी और उनके 3 वर्षीय मासूम बेटे की धारदार हथियार से हत्या करने का आरोप है। इस तिहरे हत्याकांड से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।

मृतकों की पहचान अमित गुप्ता, उनकी पत्नी रंजना गुप्ता और उनके 3 वर्षीय पुत्र रेयान गुप्ता के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, रविवार रात करीब 3 बजे तीनों एक ही कमरे में सो रहे थे। इसी दौरान आरोपी किशोर ने धारदार हथियार से हमला कर तीनों की हत्या कर दी।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ और एसपी दक्षिणी दिनेश कुमार पुरी सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मौके से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाने के साथ ही परिजनों और स्थानीय लोगों से पूछताछ की।

एसपी दक्षिणी दिनेश कुमार पुरी ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला पारिवारिक विवाद से जुड़ा प्रतीत होता है। मृतक के पिता की तहरीर पर बांसगांव थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपी बाल अपचारी को हिरासत में ले लिया है तथा उसके कब्जे से घटना में प्रयुक्त हथियार भी बरामद कर लिया गया है।

पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहन जांच जारी है। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और भय का माहौल है। स्थानीय लोग घटना से स्तब्ध हैं और मृतक परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं।

पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और दोषी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मेदांता गुरुग्राम और लॉज निपाल नं. 38 की पहल

गोरखपुर में सभी नागरिकों के लिए निःशुल्क हेल्थ चेकअप कैम्प

21 और 22 जून को लॉज निपाल परिसर में होगा आयोजन, महिला-पुरुष, युवा, बुजुर्ग और परिवार के सभी सदस्य उठा सकेंगे लाभ

गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने और समय रहते बीमारियों की पहचान के उद्देश्य से मेदांता, गुरुग्राम एवं लॉज निपाल नं. 38 के संयुक्त तत्वावधान में दो दिवसीय निःशुल्क हेल्थ चेकअप कैम्प का आयोजन किया जा रहा है। यह स्वास्थ्य शिविर 21 और 22 जून 2026 को प्रातः 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक लॉज निपाल परिसर, गोरखपुर में आयोजित होगा।
यह शिविर सभी नागरिकों के लिए खुला रहेगा। इसमें महिला-पुरुष, युवा, वरिष्ठ नागरिक, नौकरीपेशा लोग, गृहिणियां और परिवार के सभी सदस्य आकर निःशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं विशेषज्ञ चिकित्सकीय परामर्श का लाभ उठा सकेंगे। आयोजकों ने स्पष्ट किया है कि इस कैम्प का उद्देश्य किसी विशेष वर्ग तक सीमित न रहकर अधिक से अधिक लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना है।
कैम्प में मेदांता गुरुग्राम के सीनियर कार्डियोलॉजिस्ट और जनरल फिजिशियन द्वारा लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। शिविर में आने वाले लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श प्राप्त करने के साथ-साथ कई महत्वपूर्ण स्वास्थ्य जांचों की सुविधा भी निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी।
शिविर में ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर, ईसीजी, बीएमडी यानी हड्डियों की मजबूती से जुड़ी जांच तथा पीएफटी यानी फेफड़ों की क्षमता की जांच की जाएगी। ये सभी जांचें आज के समय में अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती हैं, क्योंकि हृदय रोग, मधुमेह, हड्डियों की कमजोरी और सांस संबंधी समस्याएं तेजी से सामान्य जनजीवन को प्रभावित कर रही हैं।
आयोजकों के अनुसार, कई लोग सामान्य थकान, सांस फूलना, चक्कर आना, कमजोरी, सीने में भारीपन, जोड़ों या हड्डियों में दर्द, ब्लड प्रेशर या शुगर जैसी समस्याओं को नजरअंदाज कर देते हैं। कई बार यही छोटी दिखने वाली समस्याएं आगे चलकर गंभीर बीमारी का रूप ले सकती हैं। ऐसे में समय पर जांच और विशेषज्ञ सलाह लोगों के लिए बेहद लाभकारी साबित हो सकती है।
लॉज निपाल नं. 38 द्वारा समाजसेवा और जनहित से जुड़े कार्यों की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जा रहा है। मेदांता गुरुग्राम जैसे प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान की सहभागिता से यह शिविर गोरखपुरवासियों के लिए स्वास्थ्य जांच का अच्छा अवसर माना जा रहा है।
आयोजकों ने गोरखपुर और आसपास के नागरिकों से अपील की है कि वे स्वयं और अपने परिवार के सदस्यों के साथ शिविर में पहुंचें। विशेष रूप से उन लोगों से भी आग्रह किया गया है जो लंबे समय से स्वास्थ्य जांच नहीं करा पाए हैं या जिन्हें ब्लड प्रेशर, शुगर, सांस, हृदय, हड्डियों या सामान्य कमजोरी से जुड़ी शिकायतें रहती हैं।
संयोजक सुधांशु चंद्र वर्मा ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि यह शिविर आमजन को बेहतर स्वास्थ्य की दिशा में प्रेरित करने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए समय-समय पर इस प्रकार की स्वास्थ्य जागरूकता पहल अत्यंत आवश्यक है।
अधिक जानकारी के लिए संपर्क नंबर 96957-58701 जारी किया गया है। आयोजकों ने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर इस निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर का लाभ उठाने की अपील की है।