अश्विनी नक्षत्र में बन रहा अमृतसिद्धि योग

पंचांग 02 दिसंबर 2025 (मंगलवार) – मार्गशीर्ष शुक्ल द्वादशी का संपूर्ण विवरण

आज का पंचांग – 02 दिसंबर 2025
तिथि: मार्गशीर्ष शुक्ल द्वादशी 03:57 PM तक, उपरांत त्रयोदशी।
वार: मंगलवार | संवत: विक्रम 2082 (कालयुक्त), शक 1947 (विश्वावसु)।
नक्षत्र: अश्विनी 08:51 PM तक, फिर भरणी।
योग: वरीयान 09:08 PM तक, फिर परिघ।
करण: बालव 03:57 PM तक, कौलव 02:14 AM तक, फिर तैतिल।
चंद्र राशि: मेष (पूरा दिन-रात) | सूर्य राशि: वृश्चिक।
द्रिक ऋतु: हेमंत | अयन: दक्षिणायन।

ये भी पढ़ें – नागालैंड स्थापना दिवस — इतिहास, पहचान और विकास की गाथा”

सूर्य-चंद्र समय
सूर्योदय: 06:56 AM | सूर्यास्त: 05:36 PM
चन्द्रोदय: 03:14 PM | चन्द्रास्त: 04:48 AM (03 दिसं.)
त्योहार व व्रत
अनंग त्रयोदशी व्रत | भौम प्रदोष व्रत | प्रदोष व्रत

ये भी पढ़ें – ऑनलाइन हाजिरी के विरोध में ग्राम पंचायत सचिवों का सांकेतिक प्रदर्शन, 5 दिनों में निर्णय वापस न हुआ तो बड़ा आंदोलन

शुभ योग (विशेष)
अमृतसिद्धि योग: 06:56 AM – 08:51 PM (अश्विनी + मंगलवार)
सर्वार्थसिद्धि योग: 06:56 AM – 08:51 PM
शुभ काल
ब्रह्म मुहूर्त: 05:20 AM – 06:08 AM
अभिजीत मुहूर्त: 11:54 AM – 12:37 PM
अमृत काल: 02:23 PM – 03:49 PM
अशुभ काल
राहु काल: 02:56 PM – 04:16 PM
यमगण्ड: 09:36 AM – 10:56 AM
कुलिक: 12:16 PM – 01:36 PM
दुर्मुहूर्त: 09:04 AM – 09:46 AM, 10:56 PM – 11:49 PM

ये भी पढ़ें – स्वर्ण व्यवसायी से मारपीट मामले ने पकड़ा तूल, व्यापार मंडल उग्र—डीएम को सौंपा ज्ञापन, जेई और ठेकेदार पर कड़ी कार्रवाई की मांग

दिन का चौघड़िया
रोग: 06:56–08:16 | उद्वेग: 08:16–09:36 | चर: 09:36–10:56 | लाभ: 10:56–12:16 | अमृत: 12:16–01:36 | काल: 01:36–02:56 | शुभ: 02:56–04:16 | रोग: 04:16–05:36
रात का चौघड़िया
चर: 05:36–07:16 | रोग: 07:16–08:56 | उद्वेग: 08:56–10:36 | शुभ: 10:36–12:16
अमृत: 12:16–01:56 | चर: 01:56–03:36 | रोग: 03:36–05:16 | लाभ: 05:16–06:56
चंद्र बल (03/12/25 सुबह 06:57 तक)
मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुंभ

ये भी पढ़ें – निचलौल पुलिस की बड़ी कार्रवाई: वांछित अपराधी अबरार हुसैन गिरफ्तार, विशेष अभियान ‘वज्र’ में मिली सफलता

यात्रा के लिए शुभ-अशुभ दिशा
शुभ दिशा: उत्तर व पूर्व।
अशुभ दिशा: दक्षिण दिशा में आज यात्रा टालें।
यात्रा से पहले क्या खाएं: गुड़ या दही खाकर निकलना मंगलकारी।
शुभ मंत्र (बिगड़े कार्य बनाने हेतु):
“ॐ नमः शिवाय” या “ॐ श्री गणेशाय नमः” – 11 बार जप करें।
गण्डमूल नक्षत्र
अश्विनी – 08:51 PM तक (इस दौरान नई शुरुआत से बचें)

Editor CP pandey

Recent Posts

जीवन का सत्य और आत्मबोध

चर्म औ अस्थि की देह को ही बनाया है घर।तो अपनी आत्मा को इसका मेहमान…

6 minutes ago

सोते समय दरवाजे से चोरो ने उड़ाई बाइक बाईक

बढ़ती वारदातों से ग्रामीणों में दहशत बरहज/देवरिया(राष्ट्र क़ी परम्परा)l बरहज थाना क्षेत्र अंतर्गत चोरी की…

26 minutes ago

बरहज में स्वच्छ सर्वेक्षण को लेकर बैठक, सफाई व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। नगर पालिका परिषद गौरा बरहज में आगामी स्वच्छ सर्वेक्षण 2025–26 की…

3 hours ago

गोरखपुर में HP गैस एजेंसी पर फर्जी डिलीवरी का आरोप, बिना सिलेंडर ‘डिलीवर्ड’ दिखाया

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। शहर में एलपीजी गैस वितरण व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला…

3 hours ago

महराजगंज में साइबर ठगी गैंग का पर्दाफाश, 7 लाख की धोखाधड़ी

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए…

4 hours ago

नेपाल हादसा: 30 फीट खाई में गिरी जिप्सी, महराजगंज के 2 तीर्थयात्रियों की मौत, 19 घायल

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। नेपाल में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जहां…

5 hours ago