बलिया(राष्ट्र क़ी परम्परा )l जनपद में अवैध शराब तस्करी के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत मनियर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने घाघरा नदी के किनारे बालू में छिपाकर रखी गई भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद कर बिहार तस्करी की एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया। बरामद शराब की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख 68 हजार 250 रुपये बताई जा रही है।
पुलिस के अनुसार, थाना मनियर क्षेत्र के ग्राम बिजलीपुर स्थित घाघरा नदी के तट पर बालू के नीचे छिपाकर रखी गई 270 पेटी अवैध “बंटी-बबली” शराब बरामद की गई है। इन पेटियों में कुल 12 हजार 150 पाउच शराब मौजूद थे। आशंका जताई जा रही है कि इस खेप को बिहार में अवैध रूप से भेजने की तैयारी की जा रही थी।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे अवैध शराब विरोधी अभियान के अंतर्गत की गई। अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी दिनेश चन्द्र शुक्ला तथा क्षेत्राधिकारी बांसडीह जयशंकर मिश्र के पर्यवेक्षण में थाना मनियर पुलिस लगातार संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी।शनिवार क़ी रात्री उपनिरीक्षक संजय कुमार यादव अपनी टीम के साथ क्षेत्र में गश्त एवं वाहन चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान एक विश्वसनीय मुखबिर ने सूचना दी कि बिजलीपुर गांव के पास घाघरा नदी के किनारे बालू में बड़ी मात्रा में शराब छिपाकर रखी गई है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर मुखबिर द्वारा बताए गए स्थान पर खुदाई शुरू कराई। बालू हटाने पर पुलिस को एक के बाद एक कुल 270 पेटी अवैध शराब बरामद हुई। इतनी बड़ी मात्रा में शराब मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने पूरी खेप को कब्जे में लेकर थाना मनियर में आबकारी अधिनियम की धारा 60(1)/63 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में शराब तस्करी से जुड़े गिरोह की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। बरामद शराब किसकी है और इसे यहां तक पहुंचाने वाले लोग कौन हैं, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही इस अवैध कारोबार में शामिल तस्करों की गिरफ्तारी कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।इस कार्रवाई को मनियर पुलिस की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है, जिससे बिहार सीमा के रास्ते होने वाली अवैध शराब तस्करी पर प्रभावी अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।
