डीएम ने की व्यापक तैयारियों की समीक्षा
गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की “प्रश्न एवं संदर्भ समिति” के सभापति ध्रुव कुमार त्रिपाठी के मंगलवार को प्रस्तावित गोरखपुर दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। इसी क्रम में सोमवार को जिलाधिकारी दीपक मीणा ने अपने कार्यालय में मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) शाश्वत त्रिपुरारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ एक विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में कार्यक्रम की तैयारियों, व्यवस्थाओं और विभागवार प्रगति को लेकर गहन चर्चा की गई तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि समिति की बैठक जनपद के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही या ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देशित किया कि एनेक्सी सभागार में आयोजित होने वाली बैठक के लिए सभी तैयारियां समय से पूर्व पूर्ण कर ली जाएं। बैठक स्थल की साफ-सफाई, बैठने की समुचित व्यवस्था, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, ध्वनि प्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जाए।
डीएम दीपक मीणा ने सभी विभागों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने विभाग से संबंधित योजनाओं की अद्यतन रिपोर्ट तैयार रखें। उन्होंने कहा कि समिति के समक्ष प्रस्तुत किए जाने वाले सभी आंकड़े तथ्यात्मक, पारदर्शी और सुसंगत होने चाहिए। किसी भी प्रकार की त्रुटि या अधूरी जानकारी जनपद की छवि को प्रभावित कर सकती है, इसलिए सभी अधिकारी पूरी तैयारी के साथ बैठक में उपस्थित हों।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शाश्वत त्रिपुरारी ने विभिन्न विभागों की तैयारियों की जानकारी देते हुए बताया कि अधिकांश व्यवस्थाएं पूर्ण कर ली गई हैं और शेष कार्यों को तेजी से पूरा कराया जा रहा है। इस पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर तत्काल निपटाया जाए और अंतिम समय में किसी प्रकार की समस्या न आने पाए।
जिलाधिकारी ने विशेष रूप से विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्वच्छ भारत मिशन, जल जीवन मिशन सहित अन्य प्रमुख योजनाओं की प्रगति स्पष्ट रूप से प्रस्तुत की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं का भी उल्लेख करें और उनके समाधान की कार्ययोजना तैयार रखें।
बैठक के दौरान जिला विकास अधिकारी सतीश चंद सिंह ने ग्रामीण क्षेत्रों में चल रही योजनाओं की स्थिति से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायत स्तर पर कई विकास कार्य तेजी से कराए जा रहे हैं। वहीं एडीएम वित्त विनीत कुमार सिंह ने वित्तीय प्रबंधन एवं बजट उपयोग से संबंधित जानकारी साझा की और कहा कि सभी योजनाओं में पारदर्शिता बनाए रखते हुए धनराशि का उपयोग किया जा रहा है।
परियोजना निदेशक संदीप सिंह ने विभिन्न विकास परियोजनाओं की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कहा कि सभी कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि गुणवत्ता मानकों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है, ताकि योजनाओं का लाभ आम जनता तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे स्वयं फील्ड में जाकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करें और जमीनी हकीकत से अवगत रहें। उन्होंने कहा कि समन्वय की कमी से कार्य प्रभावित होते हैं, इसलिए सभी विभाग आपसी तालमेल के साथ कार्य करें और किसी भी समस्या का समाधान समय रहते करें।
इसके साथ ही डीएम ने समिति के आगमन के दौरान प्रोटोकॉल के पालन पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि अतिथियों के स्वागत, आवागमन और बैठक से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं सुव्यवस्थित एवं गरिमामयी होनी चाहिए। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी संबंधित अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए।
अंत में जिलाधिकारी दीपक मीणा ने कहा कि यह बैठक जनपद के विकास कार्यों को प्रदर्शित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। सभी अधिकारी पूरी जिम्मेदारी और गंभीरता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें, ताकि समिति के समक्ष गोरखपुर की सकारात्मक छवि प्रस्तुत की जा सके।
बैठक में सीडीओ शाश्वत त्रिपुरारी, जिला विकास अधिकारी सतीश चंद सिंह, एडीएम वित्त विनीत कुमार सिंह, परियोजना निदेशक संदीप सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
