मऊ(राष्ट्र की परम्परा)l
उत्तर प्रदेश के मऊ जनपद के मधुबन क्षेत्र के लिए 30 जनवरी 2026 का दिन ऐतिहासिक बन गया, जब पहली बार गांधी मैदान, मधुबन में विशाल रोजगार मेला आयोजित किया गया। इस रोजगार मेले में नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा ने प्रतिभाग कर युवाओं को रोजगार, आवास और आत्मनिर्भरता का मजबूत संदेश दिया।
रोजगार मेले के दौरान चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए, वहीं प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को स्वीकृति प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। यह आयोजन युवाओं के लिए सुनहरा अवसर साबित हुआ और मधुबन क्षेत्र के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
मधुबन के इतिहास में पहली बार रोजगार मेला, युवाओं को मिला सीधा रोजगार
अपने संबोधन में मंत्री ए.के. शर्मा ने कहा कि मधुबन के इतिहास में यह पहला अवसर है जब इतने बड़े स्तर पर रोजगार मेला आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि रोजगार मेला युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने का सशक्त माध्यम है, जिससे उन्हें अपने ही क्षेत्र में काम करने का अवसर मिलता है।
मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें जमीन पर उतारकर युवाओं को रोजगार और सम्मानजनक जीवन देना है। उन्होंने कहा कि सरकार हर उस पहल को समर्थन दे रही है जिससे युवाओं को पलायन न करना पड़े।
बंद पड़ी मिल बनेगी औद्योगिक संकुल, स्थानीय स्तर पर पैदा होंगे हजारों रोजगार
मंत्री शर्मा ने घोषणा की कि परदहा की बंद पड़ी मिल को औद्योगिक संकुल के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे मधुबन और आसपास के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होगा।
उन्होंने कहा कि औद्योगिक विकास से न केवल युवाओं को नौकरी मिलेगी, बल्कि स्थानीय व्यापार, परिवहन और सेवा क्षेत्रों को भी मजबूती मिलेगी। यह कदम मऊ जनपद को औद्योगिक मानचित्र पर नई पहचान दिलाएगा।
प्रधानमंत्री स्वरोजगार योजना से सैकड़ों लोग बने आत्मनिर्भर
मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत केवल मधुबन क्षेत्र में ही करीब 700 लोगों को लगभग पौने दो करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता दी जा चुकी है।
उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे सरकारी योजनाओं की जानकारी लें और उनका लाभ उठाकर स्वयं का व्यवसाय शुरू करें। सरकार हर स्तर पर उन्हें सहयोग प्रदान करेगी।
भारत वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग हब की ओर, युवाओं के लिए नए अवसर
मंत्री शर्मा ने कहा कि पहले एप्पल जैसी वैश्विक कंपनियां भारत में निवेश करने से कतराती थीं, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज भारत वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग हब बनता जा रहा है।
उन्होंने बताया कि बेंगलुरु सहित देश के कई हिस्सों में बड़ी कंपनियों की यूनिट्स स्थापित हो रही हैं, जिससे युवाओं को तकनीकी और गैर-तकनीकी दोनों तरह की नौकरियां मिल रही हैं।
प्रधानमंत्री आवास योजना से साकार हो रहा गरीबों का घर का सपना
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) पर बोलते हुए मंत्री श्री शर्मा ने बताया कि मधुबन क्षेत्र में लगभग 700 आवास आवेदनों को स्वीकृति मिल चुकी है। इनमें से 80 से अधिक लाभार्थियों के खातों में धनराशि पहुंच चुकी है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह योजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार की देन है और इसके लिए लाभार्थियों को किसी को भी एक रुपये देने की आवश्यकता नहीं है। पात्र व्यक्ति को निश्चित रूप से योजना का लाभ मिलेगा।
विद्युत व्यवस्था में बड़ा सुधार, करोड़ों की राहत
मंत्री शर्मा ने मधुबन में विद्युत व्यवस्था पर प्रकाश डालते हुए बताया कि क्षेत्र में नए विद्युत स्टेशन बनाए गए हैं और कई सब-स्टेशनों की क्षमता बढ़ाई गई है।
उन्होंने बताया कि विद्युत बिल राहत योजना के अंतर्गत मधुबन में 918 कैंप लगाए गए, जिससे 14,644 उपभोक्ताओं को लगभग 25 करोड़ रुपये की राहत मिली। वहीं पूरे मऊ जनपद में 75 करोड़ रुपये से अधिक की छूट दी जा चुकी है।
रोजगार मेला में इन कंपनियों ने लिया भाग
इस रोजगार मेले में कई प्रतिष्ठित कंपनियों ने अपने स्टॉल लगाए, जिनमें प्रमुख रूप से:
राया हेल्थ केयर प्राइवेट लिमिटेड (मऊ)
गतिमान एग्रो फॉरेस्ट्री प्राइवेट लिमिटेड
अशोक लीलैंड (रुद्रपुर, उत्तराखंड)
जेएमआर प्राइवेट लिमिटेड
याजकी प्राइवेट लिमिटेड
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम (मऊ)
पेरिग्रीन सिक्योरिटी प्राइवेट लिमिटेड (लखनऊ)
कंपनियों के प्रतिनिधियों ने अभ्यर्थियों का साक्षात्कार लेकर सीधे चयन किया।
चयनित अभ्यर्थियों और लाभार्थियों को मिले प्रमाण पत्र
मंत्री श्री शर्मा ने चयनित अभ्यर्थियों प्रीति कुमारी, अंशु कुमार, अशोक कुमार, सुनील कुमार यादव, अनिल कुमार, रोशन कुमार, अर्जुन सोनकर और सुनील सोनकर को नियुक्ति प्रमाण पत्र प्रदान किए।
वहीं प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत गिरिजा देवी, तेतरी, वेद प्रकाश साहनी, माधुरी ममता, तारा देवी, सीमा मौर्य और महिमा भारती सहित कई लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र सौंपे गए।
