आगरा (राष्ट्र की परम्परा)।बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी कार्यालय, आगरा ने लंबे समय से ड्यूटी से अनुपस्थित चल रही एक महिला कर्मचारी को अंतिम चेतावनी जारी की है। कार्यालय के अनुसार, रीना यादव, पुत्री स्वर्गीय महेश चंद यादव, बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी कार्यालय, आगरा में अनुसेवक के पद पर नियुक्त हैं।रीना यादव की नियुक्ति 15 अक्टूबर 2012 को हुई थी, लेकिन वह 1 नवंबर 2015 से बिना किसी पूर्व सूचना या वैध कारण के लगातार अनुपस्थित चल रही हैं। विभाग द्वारा कई बार संपर्क और नोटिस भेजे जाने के बावजूद न तो कोई स्पष्टीकरण प्राप्त हुआ और न ही कार्यालय में उपस्थिति दर्ज कराई गई।विभागीय स्तर पर नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई, जिसमें लगाए गए सभी आरोप जांच में प्रमाणित पाए गए। इसके बाद सेवा से पृथक करने का नोटिस भी जारी किया गया, लेकिन संबंधित कर्मचारी की ओर से कोई उत्तर नहीं दिया गया।बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी ने स्पष्ट किया है कि यदि संबंधित कर्मचारी तत्काल अपने कार्यस्थल पर उपस्थित नहीं होती हैं, तो उनकी सेवाएं समाप्त कर दी जाएंगी। यह नोटिस अंतिम अवसर के रूप में जारी किया गया है।प्रशासनिक अधिकारियों ने कहा कि सरकारी सेवाओं में अनुशासन सर्वोपरि है और लंबे समय तक बिना सूचना के अनुपस्थित रहना सेवा नियमों का गंभीर उल्लंघन है। विभाग ने संकेत दिया है कि भविष्य में ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह प्रकरण सरकारी कार्यालयों में कार्य संस्कृति और जवाबदेही के महत्व को रेखांकित करता है।टैग: आगरा, चकबंदी विभाग, अनुशासनात्मक कार्रवाई, सरकारी कर्मचारी
