
बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह की अध्यक्षता में शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े समस्त खंड शिक्षा अधिकारियों की बैठक आयोजित हुई। बैठक में बाढ़ प्रभावित विद्यालयों की स्थिति, जर्जर भवनों की सूची, विद्युत आपूर्ति और स्वच्छता से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन विद्यालयों में अब भी पानी भरा हुआ है या गंदगी फैली हुई है, उन्हें साफ-सफाई के बाद ही खोला जाए। साथ ही एक सप्ताह के भीतर सभी बाढ़ प्रभावित विद्यालयों की सूची तैयार कर विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जर्जर विद्यालयों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई समय रहते सुनिश्चित की जाए। विद्युत व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई और निर्देश दिए कि जिन विद्यालयों में बिजली का कनेक्शन नहीं है, वहां 15 दिनों के भीतर कनेक्शन कराया जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि 15 सितम्बर तक जिन विद्यालयों में टॉयलेट निर्माण पूर्ण नहीं होगा, उनके संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों का वेतन रोक दिया जाएगा। इसके अलावा, विद्यालयों में किचन सेट की उपलब्धता सुनिश्चित करने, क्लॉथ रूम में टाइल्स लगाने तथा स्वच्छता टॉयलेट को प्राथमिकता पर कराने का आदेश दिया गया। कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों में बच्चों की सुविधा हेतु पर्याप्त संख्या में डाइनिंग टेबल व चेयर उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि बच्चों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना शिक्षा विभाग की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। बैठक में सीडीओ ओजस्वी राज, डीडीओ आनंद कुमार समेत सभी खंड शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे।