बहराइच में हिंसक जंगली जानवर का हमला, बचाने गया दूसरा ग्रामीण भी घायल, जिला अस्पताल रेफर

बहराइच (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद बहराइच के नवाबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत चनैनी में शुक्रवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब आम के बाग में शौच के लिए गए एक ग्रामीण पर हिंसक जंगली जानवर ने हमला कर दिया। उसे बचाने दौड़े दूसरे ग्रामीण को भी जानवर ने घायल कर दिया। दोनों घायलों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल बहराइच रेफर किया गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत चनैनी के दक्षिण दिशा स्थित आम के बाग में नागें कश्यप पुत्र राम मनोहर पर एक जंगली जानवर ने अचानक हमला कर दिया। शोर सुनकर पास से गुजर रहे रामधीरज यादव पुत्र राम मनोरथ उन्हें बचाने के लिए दौड़े, लेकिन जंगली जानवर ने उन पर भी हमला कर दिया, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए।

ग्रामीणों के शोर-गुल पर बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए, जिसके बाद हिंसक जंगली जानवर जंगल की ओर भाग निकला। ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को वाहन से माल्ही चौराहा स्थित निजी आशीर्वाद हॉस्पिटल पहुंचाया। इसके बाद उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चर्दा ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल बहराइच रेफर कर दिया गया।

घटना की सूचना ग्राम प्रधान द्वारा अब्दुल्लागंज वन विभाग और स्थानीय थाना नवाबगंज को दी गई। सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। क्षेत्रीय वन अधिकारी पंकज कुमार साहू टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और पगमार्क की जांच की, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि हमला करने वाला जानवर तेंदुआ है।

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हालांकि, घायल ग्रामीणों और स्थानीय लोगों का दावा है कि क्षेत्र में लंबे समय से बाघ की आवाजाही बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि पहले भी वन विभाग को सूचना दी गई थी, लेकिन सुरक्षा के ठोस इंतजाम नहीं किए गए, जिससे यह घटना हुई।

एसडीओ वन विभाग नानपारा राशिद जमील ने बताया कि चनैनी गांव अब्दुल्लागंज रेंज के समीप स्थित है। ग्रामीणों को सतर्क रहने, अकेले बाहर न निकलने और जंगल की ओर जाने से बचने की सलाह दी गई है। वन विभाग ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है और निगरानी टीम तैनात कर दी गई है।

थाना प्रभारी निरीक्षक रमाशंकर यादव भी मौके पर पहुंचे और घायलों का हाल-चाल लिया। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है और ग्रामीण वन विभाग से स्थायी सुरक्षा व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।

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Karan Pandey

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