आख़िर देर से ही सही आयी तो,
झमाझम बादल आज यूँ बरसे,
चिपचिपाती गर्मी की यह उमस,
बादल बरसे और जमकर बरसे।
कड़कती बिजली बादलों के मध्य,
सारे शहर गाँव वन तर-बतर भीगे,
मानसून आ गया भले ही देर सबेर,
प्यासी धरती के कण कण भीगे।
जल स्तर ऊपर हो रहा भू गर्भ में,
पशु पक्षी समस्त मानव उमंग में,
जलवायु, हर दिशा हरी हो उठी,
धरती माँ फिर से संतृप्त हो गई।
मिला है प्रकृति का पावन उपहार,
तन मन भीग रहा रिमझिम बहार,
आषाढ़ सावन हैं कितने मनभावन,
नीर क्षीर वृष्टि देख हर्षित हैं नयन।
आदित्य हृदय तरंगित पावन पावस,
दादुर ध्वनि सुनि मेढक की टर्र टर्र,
तन मन प्रफुल्लित राग मेघ मल्हार,
पहली बारिस की यह स्निग्ध फुहार।
दिग्गज गायिका Asha Bhosle का 92 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उन्होंने रविवार…
जम्मू (राष्ट्र की परम्परा)। बाबा बर्फानी के भक्तों के लिए बड़ी खुशखबरी है। Amarnath Yatra…
इस्लामाबाद/वॉशिंगटन/तेहरान (राष्ट्र की परम्परा)। अमेरिका और ईरान के बीच हालिया वार्ता विफल होने के बाद…
इस्लामाबाद वार्ता 2026: शांति की पहल या वैश्विक रणनीति का नया शतरंज? गोंदिया/वैश्विक डेस्क। पश्चिम…
कानून-व्यवस्था मजबूत करने की तैयारी: यूपी में बड़े स्तर पर पुलिस तबादले देवरिया के पुलिस…
स्वास्थ्य जागरूकता अभियान: 900 प्रशिक्षुओं को हाईजिन किट वितरित गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। 26वीं वाहिनी…