जर्जर हथिनी–सरवां सड़क से ग्रामीणों की बढ़ी मुश्किलें

हथिनी–सरवां मार्ग की मरम्मत जरूरी: जर्जर सड़क से बढ़ रहा हादसों का खतरा, मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की मांग


मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। मऊ–बलिया–लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर ट्रेलरों और भारी वाहनों की लगातार बढ़ती आवाजाही ने दुर्घटनाओं का खतरा कई गुना बढ़ा दिया है। ऐसे में जनपद मुख्यालय तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक ग्रामीण मार्गों का महत्व और बढ़ जाता है। रतनपुरा विकासखंड के लिए हथिनी–सरवां मार्ग एक सुरक्षित और सुविधाजनक संपर्क मार्ग माना जाता है, लेकिन मरम्मत और पीचकरण के अभाव में यह सड़क बेहद जर्जर हो चुकी है।

ये भी पढ़ें – महाशिवरात्रि 2026: आगरा के कैलाश मंदिर में डीएम ने परखी तैयारियां

3 किमी की सड़क, हजारों लोगों की परेशानी
यदि लगभग 3 किलोमीटर लंबे हथिनी–सरवां मार्ग का पीचकरण करा दिया जाए, तो रतनपुरा क्षेत्र के लोग राष्ट्रीय राजमार्ग 128 बी पर निर्भर हुए बिना सीधे और सुरक्षित रूप से मऊ जनपद मुख्यालय पहुंच सकते हैं। लोक निर्माण विभाग द्वारा केवल गड्ढों की पटाई कर दी गई है, लेकिन डामरीकरण न होने से सड़क पर धूल, गिट्टी और उबड़-खाबड़ सतह बनी हुई है, जिससे रोजाना आवागमन जोखिम भरा हो गया है।
25 से अधिक गांव प्रभावित
समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव ठाकुर रमेश सिंह चौहान ने बताया कि रतनपुरा, सेहबरपुर, गाढ़ा, मुस्तफाबाद, पिपरासाथ, पिंडोहरी, मखना, लसरा, बीबीपुर, खालिसपुर, इटौरा सहित करीब 25 गांवों के लोग इसी मार्ग से हथिनी–सरवां होते हुए मऊ मुख्यालय जाते हैं। सड़क की बदहाली के कारण लोगों को मजबूरी में राष्ट्रीय राजमार्ग 128 बी का उपयोग करना पड़ता है, जहां ट्रेलरों की अधिकता से हादसे लगातार बढ़ रहे हैं।

ये भी पढ़ें – आगरा में प्री मेगा विधिक सेवा शिविर, नागरिकों को मिली योजनाओं की जानकारी

बजट के अभाव में अटका काम
लोक निर्माण विभाग का कहना है कि बजट उपलब्ध न होने के कारण सड़क का जीर्णोद्धार संभव नहीं हो पा रहा। विभाग ने जनप्रतिनिधियों से पहल कर बजट उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है, ताकि इस महत्वपूर्ण ग्रामीण मार्ग का कायाकल्प किया जा सके।
मुख्यमंत्री को पत्र, जल्द कार्रवाई की मांग
इस गंभीर स्थिति को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष रामाश्रय मौर्य ने योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर हथिनी–सरवां मार्ग की तत्काल मरम्मत और पीचकरण कराने की मांग की है। पत्र में सड़क की जर्जर हालत, बढ़ती दुर्घटनाएं और ग्रामीणों की परेशानियों का उल्लेख करते हुए शीघ्र हस्तक्षेप का अनुरोध किया गया है।

इसे भी पढ़ें – भारत–बांग्लादेश रिश्तों में संभावित बदलाव

जनहित और सुरक्षा का सवाल
हथिनी–सरवां मार्ग का दुरुस्तीकरण न केवल रतनपुरा क्षेत्र के लोगों के लिए राहत लेकर आएगा, बल्कि राष्ट्रीय राजमार्ग 128 बी पर यातायात का दबाव भी कम करेगा। इससे दुर्घटनाओं में कमी आएगी और ग्रामीण क्षेत्रों को सुरक्षित, सुगम आवागमन मिलेगा। स्थानीय नागरिकों ने भी प्रशासन से मांग की है कि जनहित को देखते हुए इस सड़क का तत्काल पीचकरण कराया जाए।

Editor CP pandey

Recent Posts

रॉयल्टी के छह गुना दंड से परेशान पीडब्ल्यूडी ठेकेदार, कार्य बहिष्कार की तैयारी

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। लोक निर्माण विभाग, उत्तर प्रदेश के ठेकेदार रॉयल्टी से जुड़े मामलों…

7 hours ago

भाई-बहन का स्नेहाकाश

✍️ संजय एम. तराणेकर कलाई पर बंधता धागा है,पर बंधता है उससे विश्वास,बहन की आँखों…

12 hours ago

महराजगंज में तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 10 लाख का कॉस्मेटिक सामान बरामद; दो गिरफ्तार

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान…

12 hours ago

साइबर ठगी में पीड़ित के खाते में खोराबार पुलिस ने वापस कराए 40 हजार रुपये

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत खोराबार…

12 hours ago

बारिश,उमस और बढ़ता फ्लू: एच1एन1 की दस्तक के बीच अस्पतालों से लेकर घरों तक कितनी तैयारी?

भारत में स्वाइन फ्लू वायरस (एच1एन1) फिर सुर्खियों में :दिल्ली से कर्नाटक- महाराष्ट्र तक बढ़ते…

17 hours ago

अंकित बालियान हत्याकांड: अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर साधा निशाना, जाट समुदाय में आक्रोश

शामली (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश के शामली में लोकप्रिय हरियाणवी गायक अंकित बालियान की…

18 hours ago