खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में वैज्ञानिक अनुसंधान और नीतियों की अहम भूमिका: प्रो. सर्ज सावेरी

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय में ऐमीनेंट लेक्चर समिति, आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ एवं सतत् विकास लक्ष्य समिति के संयुक्त तत्वावधान में ऐमीनेंट लेक्चर सीरीज के अंतर्गत “पादप स्वास्थ्य एवं खाद्य सुरक्षा” विषय पर विशेष व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रसिद्ध प्लांट पैथोलॉजिस्ट एवं सिस्टम एनालिस्ट तथा फूड सिक्योरिटी जर्नल के एडिटर-इन-चीफ प्रो. सर्ज सावेरी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता कार्यवाहक कुलपति प्रो. एस. विक्टर बाबू ने की।

कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं बाबासाहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। विश्वविद्यालय कुलगीत के बाद अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। प्रो. शिल्पी वर्मा ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की, जबकि प्रो. नवीन कुमार अरोड़ा ने मुख्य अतिथि का परिचय कराया। संचालन डॉ. प्रीति गुप्ता ने किया।
अपने व्याख्यान में प्रो. सर्ज सावेरी ने पौधों में होने वाले रोगों, कीटों से होने वाली क्षति तथा खाद्य सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने शोध कार्यों में प्रयुक्त मॉडलिंग तकनीकों, पौध रोग महामारी विज्ञान, खाद्य उपलब्धता, खाद्य पहुंच, खाद्य संरक्षण और स्थिरता जैसे विषयों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा मानव समाज के विकास और स्थिरता का महत्वपूर्ण आधार है तथा इसे सुनिश्चित करने के लिए वैज्ञानिक अनुसंधान, प्रभावी नीतियों और सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता है। उन्होंने मूल्य श्रृंखला, खाद्य उत्पादों के मानकीकरण, युद्ध एवं संघर्षों के प्रभाव तथा अल्पकालिक नीतियों से उत्पन्न चुनौतियों पर भी विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे कार्यवाहक कुलपति प्रो. एस. विक्टर बाबू ने कहा कि भारत एक कृषि प्रधान देश है और अधिकांश जनसंख्या प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से कृषि पर निर्भर है। उन्होंने खाद्यान्न उत्पादन में किसानों की भूमिका की सराहना करते हुए भोजन की बर्बादी रोकने तथा सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और पर्याप्त भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर बल दिया। उन्होंने संतुलित एवं पौष्टिक आहार तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का भी संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने खाद्य सुरक्षा और पादप स्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका मुख्य अतिथि ने विस्तारपूर्वक उत्तर देते हुए उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। अंत में मुख्य अतिथि को स्मृति चिन्ह एवं शॉल भेंट कर सम्मानित किया गया तथा धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
इस अवसर पर विभिन्न संकायों के संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, शिक्षक, गैर-शिक्षण अधिकारी एवं कर्मचारी तथा शोधार्थी उपस्थित रहे।

rkpNavneet Mishra

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