लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)उत्तर प्रदेश शासन ने गुरुवार को व्यापक स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल करते हुए कई वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के विभागों में बदलाव और अतिरिक्त प्रभार की घोषणा की है। इन तबादलों और प्रभार परिवर्तन के बाद शासन-प्रशासन में नई कार्यप्रणाली और गति लाने की उम्मीद जताई जा रही है।
मुख्य सचिव स्तर पर बदलाव
शशि प्रकाश गोयल, मुख्य सचिव, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त, अध्यक्ष पिकप, मुख्य कार्यपालक अधिकारी यूपीडा, मुख्य कार्यपालक अधिकारी उपशा, अपर मुख्य सचिव (समन्वय विभाग) तथा परियोजना निदेशक यूपीडास्प के पद से अवमुक्त कर दिए गए हैं।
अब उन्हें अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त, अध्यक्ष पिकप, मुख्य कार्यपालक अधिकारी यूपीडा, अपर मुख्य सचिव (नागरिक उड्डयन व समन्वय विभाग) तथा परियोजना निदेशक यूपीडास्प का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
इसे भी पढ़ें – https://rkpnewsup.com/court-cracks-down-on-corruption-two-doda-engineers-convicted-in-bribery-case/
वित्त एवं शिक्षा विभाग में बदलाव
दीपक कुमार, कृषि उत्पादन आयुक्त एवं अपर मुख्य सचिव (वित्त, संस्थागत वित्त, वाह्य सहायतित परियोजना, बेसिक शिक्षा और माध्यमिक शिक्षा विभाग) को उनके शिक्षा विभाग संबंधी दायित्वों से मुक्त कर दिया गया है।
अब उन्हें अवस्थापना और औद्योगिक विकास के साथ ही नागरिक उड्डयन व समन्वय विभाग का भी अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
प्रमुख सचिव स्तर पर बदलाव
पार्थसारथी सेन शर्मा अपने वर्तमान पद प्रमुख सचिव, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग पर यथावत रहेंगे।
अमित कुमार घोष, प्रमुख सचिव (सचिवालय प्रशासन, पशुपालन, दुग्ध विकास एवं मत्स्य विभाग) को उन्हीं पदों पर यथावत रखते हुए जिम्मेदारी जारी रहेगी।
मुकेश कुमार मेश्राम, प्रमुख सचिव (पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य विभाग) भी अपने वर्तमान दायित्व पर बने रहेंगे।
अमृत अभिजात, प्रमुख सचिव (नगर विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन कार्यक्रम विभाग) के रूप में यथावत रहेंगे।
संजय प्रसाद, प्रमुख सचिव (मा० मुख्यमंत्री, प्रोटोकॉल, सूचना व जनसंपर्क, गृह, गोपन, वीजा-पासपोर्ट, सतर्कता, नागरिक उड्डयन व राज्य संपत्ति विभाग) से नागरिक उड्डयन विभाग का प्रभार हटाकर शेष विभागों का कार्यभार उनके पास रहेगा। साथ ही उन्हें मुख्य कार्यपालक अधिकारी उपशा का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
अजय चौहान, प्रमुख सचिव (लोक निर्माण विभाग) अपने वर्तमान पद पर रहेंगे।
इसे भी पढ़ें – https://rkpnewsup.com/air-india-express-to-launch-bengaluru-bangkok-direct-flight-service-from-october-18/
आलोक कुमार-3, प्रमुख सचिव (नियोजन, कार्यक्रम कार्यान्वयन, यूपी पुनर्गठन समन्वय, भाषा, राष्ट्रीय एकीकरण एवं सामान्य प्रशासन विभाग, नोडल अधिकारी-वन ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी व निदेशक, हिंदी संस्थान) से निदेशक हिंदी संस्थान का पद हटाकर उन्हें नोडल अधिकारी, जीरो पावर्टी उत्तर प्रदेश अभियान का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
राजस्व एवं नगर विकास विभाग में परिवर्तन
पी. गुरूप्रसाद, प्रमुख सचिव (राजस्व तथा आवास एवं शहरी नियोजन विभाग) को राजस्व विभाग के पद से मुक्त कर नगर विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन कार्यक्रम विभाग का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
मनीष चौहान, प्रमुख सचिव (खेल एवं युवा कल्याण विभाग) पर यथावत रहेंगे।
रणवीर प्रसाद, प्रमुख सचिव (खाद्य एवं रसद तथा उपभोक्ता मामले विभाग) भी यथावत रहेंगे।
अनामिका सिंह, सचिव (वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, मुख्य कार्यकारी अधिकारी – यूपी क्लीन एयर मैनेजमेंट प्रोजेक्ट अथॉरिटी) को मंडलायुक्त बरेली स्थानांतरित किया गया है।
भूपेन्द्र एस. चौधरी, आयुक्त (खाद्य एवं रसद) अपने वर्तमान पद पर बने रहेंगे।
विशेष प्रभार
प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन, यूपी पुनर्गठन समन्वय, भाषा, राष्ट्रीय एकीकरण एवं सामान्य प्रशासन विभाग के साथ-साथ अब प्रमुख सचिव राजस्व विभाग का भी अतिरिक्त प्रभार संभालेंगे।
मंडलायुक्त, बरेली का पद अब श्रीमती अनामिका सिंह को सौंपा गया है।
इन तबादलों से स्पष्ट है कि शासन प्रशासनिक संतुलन को बनाए रखते हुए विभिन्न विभागों में कार्यकुशलता और पारदर्शिता को बढ़ाने पर जोर दे रहा है।
EDIT INTO SEO FRIENDYL
देवरिया के लाल उज्जवल दीक्षित ने रचा इतिहास: कनाडा की यूनिवर्सिटी ऑफ सस्केचवान में टॉप-5,…
वाशिंगटन (राष्ट्र की परम्परा)। अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच…
ला पाज (राष्ट्र की परम्परा)। Bolivia की राजधानी La Paz के पास शुक्रवार को एक…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। माह-ए-रमजान इबादत, सब्र और आत्मशुद्धि का पवित्र महीना माना जाता है।…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। दरौली ग्राम सभा इन दिनों आध्यात्मिक रंग में रंगी नजर आ…
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। तेजी से बदलते आधुनिक दौर में सुविधाएं बढ़ी हैं, लेकिन मानसिक…