27% ओबीसी आरक्षण लागू न होने से निकाय चुनाव और नौकरियों में नुकसान

रांची (राष्ट्र की परम्परा)। प्रदेश राजद प्रवक्ता एवं झारखंड ओबीसी आरक्षण मंच के केंद्रीय अध्यक्ष कैलाश यादव ने कहा कि राज्य में ओबीसी आरक्षण 27 प्रतिशत लागू न होने के कारण नगर निकाय, नगर परिषद, पंचायत चुनावों और सरकारी नौकरियों में पिछड़ा, अति पिछड़ा तथा अनुसूचित जाति वर्ग को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।

उन्होंने बताया कि 15 नवंबर 2000 को झारखंड राज्य निर्माण के समय एकीकृत बिहार से मिले प्रावधानों के तहत राज्य में कुल 50 प्रतिशत आरक्षण व्यवस्था लागू थी, जिसमें ओबीसी को 27 प्रतिशत, अनुसूचित जाति को 15 प्रतिशत और अनुसूचित जनजाति को 7.5 प्रतिशत आरक्षण मिलता था। इससे इन वर्गों को आर्थिक, सामाजिक और शैक्षणिक रूप से सीधा लाभ प्राप्त हो रहा था।

कैलाश यादव ने कहा कि वर्ष 2002 में तत्कालीन एनडीए सरकार के दौरान आरक्षण व्यवस्था में कटौती की गई। इस निर्णय के तहत ओबीसी आरक्षण 27 से घटाकर 14 प्रतिशत, अनुसूचित जाति का 15 से घटाकर 10 प्रतिशत कर दिया गया, जबकि अनुसूचित जनजाति का आरक्षण बढ़ाकर लगभग 26 प्रतिशत कर दिया गया। इस बदलाव से ओबीसी आरक्षण और अनुसूचित जाति समुदायों को संवैधानिक अधिकारों से वंचित होना पड़ा।

उन्होंने कहा कि झारखंड राज्य बने 26 वर्ष बीत जाने के बाद भी ओबीसी और अनुसूचित जाति वर्ग के साथ भेदभाव जारी है। आरक्षण में कटौती का सीधा असर स्थानीय निकाय चुनावों और रोजगार के अवसरों पर पड़ा है, जिससे सामाजिक न्याय की भावना कमजोर हुई है।

राजद नेता ने राज्य की महागठबंधन सरकार और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से आग्रह किया कि जैसे पेसा नियमावली को स्वीकृति देकर जनजातीय समुदायों को स्वशासन का अधिकार दिया गया, उसी तरह ओबीसी आरक्षण को 27 प्रतिशत और अनुसूचित जाति आरक्षण को 15 प्रतिशत तक बढ़ाकर कानूनी रूप दिया जाए।

उन्होंने यह भी कहा कि देश में लंबे समय तक एससी, एसटी और ओबीसी के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण सीमा लागू रही है। वर्ष 2014 के बाद केंद्र सरकार द्वारा सामान्य वर्ग को अतिरिक्त 10 प्रतिशत आरक्षण दिया गया। वहीं तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों में 50 प्रतिशत की सीमा से आगे बढ़कर आरक्षण लागू किया जा रहा है, ऐसे में झारखंड में भी सामाजिक संतुलन के लिए आवश्यक निर्णय लिया जाना चाहिए।

rkpNavneet Mishra

Recent Posts

Ayatollah Ali Khamenei Death: मीटिंग के दौरान सटीक हमला, कैसे हुई मौत?

Ayatollah Ali Khamenei Death: ईरान के सर्वोच्च नेता Ayatollah Ali Khamenei की मौत की आधिकारिक…

9 minutes ago

Jammu Kashmir News: खामेनेई की मौत पर उबाल, श्रीनगर के लाल चौक में गूंजा—‘रहबर तेरे खून से इंकलाब आएगा’

Jammu Kashmir News: जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्लाह अली खामेनेई की…

41 minutes ago

1 मार्च को हुए निधन: इतिहास के पन्नों में दर्ज महान व्यक्तित्वों की पुण्यतिथि

1 मार्च को हुए निधन: इतिहास में दर्ज महत्वपूर्ण व्यक्तित्व1 मार्च को हुए निधन भारतीय…

1 hour ago

महराजगंज में सात माह से मानदेय बंद, रोजगार सेवकों में रोष

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। महराजगंज जिले के ग्राम रोजगार सेवक पिछले सात माह से मानदेय…

3 hours ago

कपास जैसा प्रेम: त्याग, निष्ठा और साथ निभाने का आदर्श

✍️ नवनीत मिश्र “प्रीत करो तो ऐसी करो जैसी करे कपास।जीते जी तन ढके, मरे…

4 hours ago

बलिया में होली से पहले वेतन-पेंशन जारी, कर्मचारियों में खुशी

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। रंगों के महापर्व से पहले उत्तर प्रदेश सरकार ने कर्मचारियों और…

4 hours ago