हे मातु दया कर दे, वर दे, तन
स्वस्थ सुखी रखिए रखिये।
रोटी, कपड़ा, रहने को घर, वैभव
सुख से भूषित रखिए रखिये।
जीवन साथी का प्रेम मिला,
संतानों से आदर- सद्भाव मिला।
एहसान नहीं कोई ऋण का,
अपनी कृषि,अपना व्यापार भला।
अनुराग पूर्ण जीवन मेरा,
दुश्मन को भी स्वजन बना पाऊँ।
भाई-बहन, सखा, पड़ोसी
सबजन का हित मैं कर पाऊँ।
पारबृम्ह के परम ज्ञान से,
ओत-प्रोत हो, प्रवीन मैं बन जाऊँ।
सतसंगी, संतोषी बनकर, इस
समाज को गौरव दिलवा पाऊँ।
हे देवी तुम अंतरयामी हो,
माता सबको सुख शांति दीजै।
दुःखों से दूर रहे काया,
सत सेवा धर्म, क्षमा करने दीजै।
दान, दया व क्षमा की प्रवृत्ति,
इस जीवन में मैं अपनाउँ ।
‘आदित्य’ दया कर दे, वर दे,
यह तन मन निर्मल रख पाऊँ।
कर्नल आदि शंकर मिश्र ‘आदित्य’
25 फ़रवरी की महत्त्वपूर्ण घटनाएँ25 फ़रवरी की महत्त्वपूर्ण घटनाएँ भारतीय और विश्व इतिहास में कई…
संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के धनघटा थाना क्षेत्र के पौली ब्लॉक में…
लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। माल क्षेत्र के जलौली गांव में मंगलवार सुबह दिल दहला देने…
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। राजधानी दिल्ली के कश्मीरी गेट इलाके में मंगलवार (24 फरवरी)…
आज का इतिहास 25 फ़रवरी: क्यों है यह दिन खास?आज का इतिहास 25 फ़रवरी राजनीतिक…
आज 24 फरवरी 2026 की तिथि का मूलांक 6 (2+4=6) बनता है। अंक ज्योतिष के…