जनता को राहत देना सरकार की प्राथमिकता- मुख्यमंत्री

संत कबीर नगर(राष्ट्र की परम्परा)। मुख्यमंत्री ने धनघटा क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करने के बाद बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की। उनका हाल जाना और राहत सामग्री वितरित की। आश्वस्त किया कि हर संकट में सरकार उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है।

हवाई सर्वेक्षण, बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात और राहत सामग्री वितरित करने के बाद सीएम योगी ने जनता को आश्वस्त करते हुए कहा कि बाढ़ पीड़ितों के लिए पर्याप्त मात्रा में खाद्यान्न व अन्य सामग्री का वितरण कराया जा रहा है।दो तरह की किट में दी जा रही राहत सामग्री किट में 10 किलो चावल, 10 किलो आटा, 2 किलो अरहर दाल, आधा किलो नमक, 250 ग्राम हल्दी, 250 ग्राम मिर्च, 250 ग्राम सब्जी मसाला, एक लीटर रिफाइंड तेल, पांच किलो लाई, दो किलो भूना चना, एक किलो गुड़, 10 पैकेट बिस्कुट, एक पैकेट माचिस, एक पैकेट मोमबत्ती, दो नहाने का साबुन शामिल है। इसके अलावा 10 किलो आलू, पांच लीटर केरोसिन, पांच लीटर क्षमता के दो जरीकेन, 15 गुणे 10 फीट की एक तारपोलीन शीट भी दी जा रही है।

सीएम योगी ने कहा कि इसके साथ ही पशुओं को प्रतिदिन 5 किलो चारा उपलब्ध कराने का निर्देश पशुपालन विभाग को दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिले में करीब 50 गांव की 50 आबादी बाढ़ से प्रभावित है। तीन-चार दिन में बाढ़ का पानी उतरेगा। इस बीच प्रशासन को निर्देशित किया गया है कि अतिरिक्त नाव व स्टीमरों के साथ अतिरिक्त मैन पावर लगाकर राहत सामग्री का हर पीड़ित तक ससमय वितरण सुनिश्चित किया जाए।. कहा कि फसलों का समय पर सही जायजा लिया जाए ताकि अन्नदाता किसानों को क्षतिपूर्ति की धनराशि नकद भुगतान की जा सके। जिन बाढ़ प्रभावित गांवों में भोजन बनाने की व्यवस्था नहीं है, वहां पर कम्युनिटी किचन की व्यवस्था की जाए। यदि ग्राम में कम्युनिटी किचन उपलब्ध नहीं हो पा रही है तो वहां पर लोगों को सुबह एवं रात्रि में भोजन के पैकेट उपलब्ध कराये जाए। सीएम ने कहा कि आपदा में जिन लोगों ने भी अपने परिजनों को खोया है, उनके प्रति सरकार की पूरी संवेदना है।

जनहानि, अंग भंग व क्षतिग्रस्त मकानों के लिए सरकार देगी भरपूर मदद

उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित परिवारों को युद्ध स्तर पर राहत सामग्री वितरित करने का निर्देश प्रशासन को दिया गया है ताकि किसी को भी परेशान न होना पड़े। कहा कि अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि बाढ़ से जनहानि पर पीड़ित परिवार को चार लाख रुपये का मुआवजा तत्काल उपलब्ध कराया जाए। अंग भंग होने पर 60 हजार से लेकर 2.5 लाख रुपये तक की सहायता के साथ ही गंभीर रूप से घायलों को भी आर्थिक मदद दी जाएगी। बाढ़ से जिनके मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं उन्हें 1.20 लाख रुपये मुख्यमंत्री आवास योजना के तर्ज पर मकान बनाने के लिए दिए जाएंगे।

rkpNavneet Mishra

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