महुआ नजर ,बलरामपुर(राष्ट्र की परम्परा) आज़ादी के 77 वर्षो बाद भी नहीं बनी सड़क, कच्चे मार्ग से आवागमन करते हैं किसान, हर जगह गुहार लगाने के बाद भी नहीं बनी सड़क।
विकास खण्ड उतरौला अंर्तगत श्रृंगार जोत मार्ग से बभनी बुर्जुग डीह के लिए एक मार्ग निकला हुआ है जो बभनी डीह से तिलखी बढ़या होते हुए महुआ धनी मार्ग को जोड़ता है। प्रतिदिन दर्जनो गावों के लोगों का आवागमन इसी कच्चे मार्ग से होता है। सबसे मुख्य बात यह है कि दर्जनो गावों की जमीन इसी मार्ग से सटा हुआ है जो हजारों एकड़ में फैला हुआ है। मुख्य रूप से गेहूं का क्षेत्र होने से खूब गेहूं पैदा होता है किंतु रास्ता न होने से किसानों और राहगीरों को 8 किमी दूरी अतिरिक्त तय करनी पड़ती है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्र होने के कारण ऊपर से कच्ची सड़क होने से मामूली वारिश में लोगों की दुर्दशा देखा नहीं जा सकता।मटियारिया कर्मा, बाघाजोत, मोहन जोत, भुदकुंडा, बभनी, देवरिया अर्जून, समेत दर्जनों गांवों की समास्या कम हो जाएगी इस सड़क के बन जाने से। माधव शरन, गोपाल चौधरी, आनंद त्रिपाठी दद्दन, अन्नू तिवारी, भागवत प्रसाद मिश्रा, वेद व्रत मिश्रा, जगराम यादव, दिलीप कुमार, शिव सागर ने बताया कि पिछले 20 वर्षो से इस कच्ची सड़क को प्रधान मंत्री सड़क बनवाने की मांग किया जा रहा है किंतु किसी भी जन प्रतिनिधियों ने ध्यान नहीं दिया। ग्रामीणों ने सासन प्रशासन से अति शीघ्र कच्ची सड़क को प्रधान मंत्री सड़क बनवाने की मांग की है।
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