आज़मगढ़ ( राष्ट्र की परम्परा )
बांदा से लेकर उत्तर प्रदेश एवं देश व विश्व तक शिक्षक संगठन की अनगिनत यादों को सजाते हुए अनगिनत उतार चढ़ाव को देखने वाले शिक्षकसंघके इतिहास में करिश्माईनेतृत्व से संगठन को नए आयाम तक पहुंचाने वाले, अपने निष्पक्ष व अडिगनिर्णय के साथ पूरे देश में विभिन्न शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधियों को एकसाथ एकजुट हो लेकर चलने वाले अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामपाल सिंह के निधन से शिक्षक समाज में शोक की लहर व्याप्त हो गया हैं। शिक्षकों को केंद्र के समान वेतन दिलाने के लिए पंचम् वेतनमान की लड़ाई लड़ी और जेल तक गए रामपाल सिंह जुझारू एवं निडर व्यक्तित्व के थे, उन्होंने शिक्षा जगत में देश का नेतृत्व विदेशों कनाडा,कंबोडिया, श्रीलंका मॉरीशस सिंगापुर आदि देश में भारत का नेतृत्व किया।विश्व शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष भी थे। अभी 12 मई2023 को अहमदाबाद गुजरात में हुए अखिल भारतीय प्राथमिक शिक्षक संघ के अधिवेशन में उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के साथ मंच को साझा किया था और शिक्षक हित के लिए जो भी सुधार हो सकता है उससे संबंधित ज्ञापन भी प्रधानमंत्री को सौंपा था। ऐसी महान विभूति के चले जाने से शिक्षक मर्माहत है ।अतरौलिया जूनियर हाईस्कूल के प्रांगण में अजय सिंह शिक्षक संघ अध्यक्ष अतरौलिया के अगुवाई में एक शोक सभा का आयोजन हुआ। शोक सभा को सम्बोधित करते हुए महामंत्री जितेन्द्र सोनी ने कहा कि यह शिक्षा जगत की अपूरणीय क्षति है। जो कभी पूरी नहीं हो सकती।हम सभी उनकी आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हैं।इस अवसर पर शेषनाथ वर्मा, बृजेश तिवारी, संतकुमार यादव,मनोज पांडेय, रामबृक्ष जी,सौरभ सिंह, अक्षय सिंह, उमेश कुमार, सन्त विजय यादव,अरविंद, पूनम सहित सैकड़ों शिक्षक उपस्थित रहे।
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