स्वार्थ के धुंध में खो गया हैं इंसानियत
गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
कहते हैं ना कि आज इस भौतिक युग में इंसानियत स्वार्थ के धुंध में खो गया है। यह बात में बस यूं ही नहीं बोल रही हूं इस मार्मिक दृश्य को देखकर मैं बोल रही हूं, जैसा कि आप सभी इस अम्मा की तस्वीर देख रहे हैं। यह मुझे गोरखपुर धर्मशाला के नीचे बैठी हुई मिली और जब मैं इनको देखा तो उनके शरीर पर वस्त्र नहीं थे, महापुरुषों ने कहा है कि एक औरत की इज्जत उसके कपड़ों से होती है तो क्या वहां से आने जाने वाले लोगों को कुछ दिखाई नहीं दे रही थी,कितने शर्म की बात है, कितना लचर हो चला है हमारा समाज की उनके शरीर पर एक वस्त्र ही डाल दिया जाता। खैर यह सब छोड़िए उसके बाद में अम्मा से बात की तो पता चला की अम्मा कई दिनों से खाना नहीं खाई थी तो उनको खाना खिलाई और उनको कपड़ा दिलवाई। तो बस आप सभी से यही कहना है कि जागिए और मानव सेवा के लिए आगे बढ़िये । आपको कोई भी ऐसा मानव दृश्य दिखे तो उसकी मदद जरूर करें – समाजसेवी श्वेता मिश्रा।
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