16 नवंबर से 30 नवंबर तक चलेगी स्वगणना, एक दिसंबर से शुरू होगी जनसंख्या गणना
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। भारत की जनगणना-2027 के द्वितीय चरण में होने वाली जनसंख्या गणना को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को जिलाधिकारी/ प्रमुख जनगणना अधिकारी की अध्यक्षता में जिला स्तरीय जनगणना समन्वय समिति की बैठक हुई। इसमें गणना कार्य को समयबद्ध, सुव्यवस्थित और गुणवत्ता पूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए विभागवार तैयारियों की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि राष्ट्रीय महत्व के इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए।
बैठक में जिला जनगणना प्रभारी अम्बिका मौर्य ने जनगणना-2027 के द्वितीय चरण से संबंधित कार्यों, प्रक्रियाओं और अब तक की तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने चार्ज स्तर पर तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उनके दायित्वों से अवगत कराते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनगणना देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है। इससे प्राप्त आंकड़े भविष्य की विकास योजनाओं, नीतियों और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के नियोजन में महत्वपूर्ण आधार बनते हैं। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि चार्ज स्तर पर पर्याप्त मानव संसाधन, तकनीकी सुविधाएं और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित कर ली जाएं। गणना कार्य के दौरान किसी तरह की तकनीकी अथवा प्रशासनिक समस्या न आए, इसके लिए संबंधित अधिकारी लगातार समीक्षा करते रहें। कार्मिकों के प्रशिक्षण और जिम्मेदारियों के निर्वहन में भी गंभीरता बरतने के निर्देश दिए गए।
बैठक में बताया गया कि जनगणना-2027 के द्वितीय चरण यानी जनसंख्या गणना का कार्य एक दिसंबर 2026 से चार जनवरी 2027 के बीच कराया जाएगा। इससे पहले 16 नवंबर से 30 नवंबर 2026 तक स्वगणना की प्रक्रिया होगी। जिलाधिकारी ने स्वगणना को लेकर व्यापक प्रचार-प्रसार और जन जागरूकता अभियान की कार्ययोजना समय से तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि अधिक से अधिक नागरिक इसमें सहभागिता कर सकें। उन्होंने कहा कि जनगणना की सफलता के लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय, प्रशिक्षित कार्मिक, तकनीकी संसाधनों की उपलब्धता और आमजन तक सही जानकारी पहुंचाना जरूरी है। सभी संबंधित अधिकारी निर्धारित दायित्वों का गंभीरता से पालन करें और तैयारियों की निरंतर समीक्षा करते रहें।
इस दौरान बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, चार्ज स्तर के अधिकारी, सभी उप जिलाधिकारी, तहसीलदार, अधिशासी अधिकारी, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला सूचना अधिकारी, जिला जनगणना प्रभारी अम्बिका मौर्य, खंड शिक्षा अधिकारी तथा चार्ज स्तर पर लगाए गए तकनीकी सहायक मौजूद रहें।
