प्रेरणा लेकर शिक्षक बदल रहे हैं सरकारी विद्यालयों की तस्वीरें

टीचर्स ऑफ बिहार द चेंज मेकर्स समूह है बिहार की सबसे बड़ी प्रोफेशनल लर्निंग कम्युनिटी(पीएलसी)

पटना (राष्ट्र की परम्परा)। टीचर्स ऑफ बिहार-द चेंज मेकर्स से प्रेरित होकर अब बिहार के शिक्षक सरकारी स्कूलों की तस्वीरें बदल रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालयों में अब सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। राज्य के लाखों शिक्षक टीचर्स ऑफ बिहार से प्रेरणा लेकर सरकारी स्कूलों की तस्वीरें बदलने के लिए निःस्वार्थ भाव से पूरी ईमानदारी एवं निष्ठा के साथ अपने विद्यालय में शैक्षणिक कार्य कर रहे है। टीचर्स ऑफ बिहार फेसबुक ग्रुप पर लाखों शिक्षक जुड़कर प्रतिदिन नये नवाचारों का भी आदान-प्रदान आपस में कर रहे हैं, जिसके कारण सरकारी विद्यालयों का शैक्षणिक माहौल काफी सुदृढ़ हो रहा है। टीचर्स ऑफ बिहार द्वारा प्रतिदिन प्रकाशित होने वाली दैनिक ज्ञानकोश एवं चेतना के माध्यम से बच्चों के लिए प्रत्येक दिन कई रोचक जानकारियों का संग्रह पीडीएफ के माध्यम से उपलब्ध कराया जाता है जो सरकारी विद्यालय के बच्चों के साथ साथ शिक्षकों के लिए भी उपयोगी साबित हो रहा है।
नवसृजित प्राथमिक विद्यालय खुटौना यादव टोला प्रखंड-पताही जिला-पूर्वी चम्पारण में कार्यरत शिक्षक मृत्युंजय ठाकुर (प्रदेश मीडिया संयोजक-टीचर्स ऑफ बिहार, द चेंज मेकर्स) ने बताया कि टीचर्स ऑफ बिहार से प्रेरणा लेकर बिहार के ही नहीं बल्कि कई अन्य राज्यों के बेहतरीन शिक्षक किस विधि द्वारा शिक्षण कार्य का संपादन करते हैं। वह देखकर सीखने और अपने तकनीक बेहतर करने का अवसर मिलता है, साथ ही विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को बेहतर करने का भी अवसर मिलता है।
मृत्युंजय ठाकुर ने बताया कि यह समूह हर स्तर पर शिक्षक की मदद कर रहा है। यह समूह सरकारी विद्यालय के शिक्षकों एवं छात्रों के साथ साथ विद्यालय के शैक्षणिक माहौल बदलने में संजीवनी का काम कर रहा है।
टीचर्स ऑफ बिहार के प्रदेश प्रवक्ता अररिया जिले के शिक्षक रंजेश कुमार ने समूह के संदर्भ में जानकारी देते हुए बताया कि इस समूह की शुरुआत सन् 2019 में पटना जिले के शिक्षक शिव कुमार एवं कुछ अन्य शिक्षकों के सहयोग से की गई थी। अब इस समूह में सदस्यों की संख्या लाखों में है।
बुनियादी विद्यालय बखरी, मुरौल, मुजफ्फरपुर के शिक्षक केशव कुमार (माॅडरेटर,टीचर्स ऑफ बिहार) ने बताया कि टीचर्स ऑफ बिहार एक ऐसा प्लेटफॉर्म है जहां एक से बढ़कर एक उत्कृष्ट शिक्षक निःस्वार्थ भाव से दिन रात बिहार के सरकारी विद्यालयों के शैक्षणिक माहौल बेहतर करने के लिए कार्य कर रहे हैं। यह एक ऐसा प्लेटफॉर्म है जो सरकारी विद्यालय के शिक्षकों एवं छात्रों के लिए उपयोगी साबित हो रहा है।
टीचर्स ऑफ बिहार के विभिन्न सोशल नेटवर्किंग प्लेटफॉर्म पर लाखों शिक्षक प्रतिदिन अपने विद्यालय में किये जा रहे गतिविधि,नवाचार या अन्य शैक्षणिक कार्य को साझा करते हैं, जिसे देखकर बाकी शिक्षक भी अपने विद्यालय में लागू कर रहे हैं। जिसका परिणाम अब राज्य के सरकारी विद्यालय में दिखने लगा है।

Karan Pandey

Recent Posts

आरसेटी देवरिया में जूनियर ब्यूटी प्रैक्टिशनर बैच का स्टेट डायरेक्टर ने किया उद्घाटन

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) देवरिया में…

9 hours ago

चुनावी रंजिश में जान से मारने की धमकी, युवक ने प्रशासन से लगाई सुरक्षा की गुहार

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के बांसगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत कनईचा गांव में चुनावी रंजिश…

9 hours ago

सड़क हादसे मे युवती की मौत

सिकंदरपुर /बलिया(राष्ट्र की परम्परा) महरो गांव में दर्दनाक सड़क हादसे में 24 वर्षीय युवती की…

9 hours ago

कुम्हारों को मुफ्त विद्युत चाक मशीन 27 मई तक करें आवेदन

देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)जिला ग्रामोद्योग अधिकारी वीरेन्द्र प्रसाद ने बताया कि उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड की…

9 hours ago

टैक्ट्रर-ट्रॉली से टकराकर स्कॉर्पियो सवार 3 दोस्तों की मौत

गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)जिले के गोला थाना क्षेत्र में बेकाबू स्कॉर्पियो सड़क किनारे खड़ी गेहूं लदी…

9 hours ago

बारात में विवाद के बाद हिंसा, युवक की मौत से गांव में तना

संतकबीरनगर (राष्ट्र की परम्परा)। संत कबीर नगर के धनघटा थाना क्षेत्र के गायघाट पूर्वी गांव…

9 hours ago