बलरामपुर(राष्ट्र की परम्परा)। डीएफओ एम0 सेम्मारन ने बताया कि वर्षाकाल प्रारंभ हो चुका है। वर्षाकाल में जंगल के अन्दर अधिकांश क्षेत्रों में जलभराव हो जाने के कारण वन्यजीवों को प्राकृतवास सीमित हो जाता है, जिससे उनके वन क्षेत्रों से बाहर आने की सम्भावना भी बढ़ जाती है। वे अक्सर भोजन की तलाश में भी वन्य जीव जंगल से बाहर निकलते है, इसलिये यह समय अत्यन्त सचेत/सजग रहने का है तथा यह जरूरी है कि आमजनमानस वन्यजीवों के प्रति सजग एवं जागरूक रहते हुये यह प्रयास करें कि वन्य जीवों से संघर्ष की स्थिति पैदा न हो।
उन्होंने कहा कि वन्य जीव सामान्यतः सुबह अथवा शाम के समय अधिक सक्रिय होते है। इन समय पर विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है। किसी आकस्मिक स्थिति में वन विभाग के सम्पर्क में रहते हुये सम्बन्धित वन्यजीवों से अपना बचाव करने के सुरक्षात्मक उपायों को उपयोग में लायें।
उन्होंने आमजानमानस से अपील किया है कि आप लोग स्वयं अकेले वन क्षेत्रों के निकट अथवा गन्ने के खेतों में भ्रमण हेतु न निकलें एवं विशेष रूप से वृद्ध एवं बच्चों को इस स्थिति से सुरक्षित रखें। वन विभाग की टीम के साथ-साथ आप लोगों का अमूल्य समय देकर वन्यजीवों की सुरक्षा एवं अपना बचाव करते हुये सहयोग प्रदान करें।
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