निजी निवेश से विकसित होंगे एमएसएमई औद्योगिक पार्क, सरकार देगी आर्थिक सहायता

कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)प्रदेश में औद्योगिक विकास को नई गति देने और रोजगार के अवसरों का विस्तार करने के उद्देश्य से निजी औद्योगिक पार्कों के विकास के लिए ‘PLEDGE’ योजना लागू कर दी गई है। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम अनुभाग-2, लखनऊ द्वारा जारी शासनादेश के तहत यह योजना लागू की गई है। इस संबंध में इच्छुक निजी प्रवर्तकों से प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से औद्योगिक आधारभूत संरचना मजबूत होने के साथ ही स्थानीय स्तर पर उद्योगों के विस्तार को बढ़ावा मिलने की संभावना जताई जा रही है।
सूचना विभाग के अनुसार, जिला उद्योग विभाग ने बताया कि प्रदेश में औद्योगिक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित करने और उद्योगों के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने के उद्देश्य से यह योजना शुरू की गई है। योजना के अंतर्गत निजी क्षेत्र की भागीदारी से औद्योगिक पार्कों का निर्माण कराया जाएगा, जिससे निवेश को आकर्षित करने के साथ रोजगार सृजन को भी बल मिलेगा।
BOO मॉडल पर विकसित होंगे औद्योगिक पार्क
PLEDGE योजना के तहत निजी निवेशकों को Build, Own, Operate (BOO) मॉडल पर औद्योगिक पार्क विकसित करने की अनुमति दी गई है। इस मॉडल के अंतर्गत प्रवर्तक औद्योगिक पार्क का निर्माण, संचालन और रखरखाव स्वयं करेंगे। इससे उद्योगों के विकास में निजी क्षेत्र की भूमिका मजबूत होगी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं में तेजी आएगी।
योजना के तहत इच्छुक निजी प्रवर्तक 10 एकड़ से 50 एकड़ तक भूमि पर औद्योगिक पार्क विकसित करने के लिए प्रस्ताव प्रस्तुत कर सकते हैं। प्रस्ताव के साथ भूमि स्वामित्व से संबंधित अभिलेख और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। प्रस्ताव जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केन्द्र, कुशीनगर में जमा किए जा सकेंगे।
एमएसएमई इकाइयों को मिलेगा प्राथमिकता
योजना का मुख्य उद्देश्य सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को औद्योगिक आधारभूत संरचना उपलब्ध कराना है। इसके तहत विकसित औद्योगिक पार्कों में न्यूनतम 75 प्रतिशत भूमि एमएसएमई इकाइयों के लिए आरक्षित रखना अनिवार्य होगा। साथ ही प्रत्येक एकड़ में कम से कम एक औद्योगिक इकाई को भूखंड आवंटित किया जाना आवश्यक होगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इससे छोटे और मध्यम उद्योगों को जमीन की उपलब्धता आसान होगी और स्थानीय स्तर पर औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।
निजी प्रवर्तकों को मिलेगा वित्तीय सहयोग
PLEDGE योजना के तहत निजी निवेशकों को आंतरिक विकास कार्यों के लिए वित्तीय सहायता भी प्रदान की जाएगी। योजना के अंतर्गत 10 से 50 एकड़ क्षेत्र में एमएसएमई पार्क विकसित करने वाले प्रवर्तकों को प्रति एकड़ अधिकतम 50 लाख रुपये तक की सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। यह सहायता 1 प्रतिशत ब्याज दर पर उपलब्ध कराई जाएगी।
वित्तीय सहायता परियोजना रिपोर्ट में दर्शाई गई लागत अथवा मांगी गई राशि में से जो कम होगी, उसी के आधार पर निर्धारित की जाएगी। इससे निजी निवेशकों को औद्योगिक पार्क विकसित करने में आर्थिक सहयोग मिलेगा।
संपर्क मार्ग और आधारभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान
योजना के तहत औद्योगिक पार्क तक पहुंच के लिए संपर्क मार्ग की गुणवत्ता को भी अनिवार्य बनाया गया है। प्रस्तावित भूमि का कम से कम 7 मीटर चौड़ी सड़क से जुड़ा होना आवश्यक होगा। इस सड़क में 7 मीटर चौड़ी ब्लैक टॉप रोड और 1.5 मीटर चौड़ा फुटपाथ शामिल होना चाहिए।
यदि पार्क 7 मीटर चौड़ी सड़क से जुड़ा होगा तो केवल ग्रीन और ऑरेंज श्रेणी के उद्योग स्थापित किए जा सकेंगे। वहीं 12 मीटर या उससे अधिक चौड़ी सड़क होने पर सभी श्रेणी के उद्योगों की स्थापना संभव होगी।
यदि औद्योगिक पार्क का क्षेत्रफल 15 से 50 एकड़ के बीच होगा तो लोक निर्माण विभाग द्वारा अधिकतम 2.5 किलोमीटर तक संपर्क मार्ग का निर्माण कराया जाएगा। इससे उद्योगों तक पहुंच आसान होगी और औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
भूमि बंधक और संचालन की जिम्मेदारी निजी क्षेत्र पर
योजना के तहत निजी प्रवर्तक द्वारा प्रस्तावित भूमि राज्य सरकार के पक्ष में बंधक रखी जाएगी। औद्योगिक पार्क के विकास, भूखंड आवंटन, संचालन और आधारभूत संरचना के रखरखाव की पूरी जिम्मेदारी निजी प्रवर्तकों की होगी।
मानचित्र स्वीकृति के लिए उद्योग विभाग के आयुक्त एवं निदेशक अथवा उनके अधिकृत अधिकारी सक्षम प्राधिकारी होंगे। औद्योगिक पार्क विकसित होने के बाद संबंधित विभागों के साथ विचार-विमर्श कर न्यूनतम सर्किल दर तय की जाएगी।
रोजगार सृजन और क्षेत्रीय विकास को मिलेगा बढ़ावा
विशेषज्ञों का मानना है कि PLEDGE योजना प्रदेश में औद्योगिक निवेश को आकर्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इससे न केवल उद्योगों की संख्या बढ़ेगी बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे। औद्योगिक पार्कों के विकास से क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी और स्थानीय व्यापार को भी लाभ मिलेगा।
निवेशकों से प्रस्ताव आमंत्रित, विभाग से करें संपर्क
जिला उद्योग विभाग ने बताया कि योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी प्राप्त करने के लिए इच्छुक निवेशक किसी भी कार्य दिवस में जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केन्द्र से संपर्क कर सकते हैं। प्रशासन का प्रयास है कि अधिक से अधिक निवेशक इस योजना का लाभ उठाएं और प्रदेश को औद्योगिक रूप से सशक्त बनाने में सहयोग करें।

rkpnews@somnath

Recent Posts

सैनिकों और गरीबों के लिए समर्पित सुपर स्पेशियलिटी सुविधा, मऊ में योगी का बड़ा संदेश

मऊ( राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने जनपद मऊ के ताजोपुर…

14 hours ago

मऊ में विकास का महाकुंभ: मुख्यमंत्री योगी ने दी ₹392 करोड़ की 114 परियोजनाओं की सौगात, माफियाओं को दी सीधी चेतावनी

मऊ, (राष्ट्र की परम्परा)उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को मऊ जनपद के…

14 hours ago

बस्ती स्वास्थ्य विभाग में तबादला नीति पर सवाल, 28 साल से एक जिले में जमे चीफ फार्मासिस्ट पर गंभीर आरोप

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश स्वास्थ्य विभाग में तबादला नीति को लेकर एक बार…

15 hours ago

पुरानी पेंशन बहाली को लेकर सीमांचल पहुंची जनजागरण यात्रा, अररिया में शिक्षकों ने भरी हुंकार

अररिया (राष्ट्र की परम्परा)। पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाली की मांग को लेकर निकली संकल्प-सह-जनजागरण…

15 hours ago

100 KM की रफ्तार से आंधी का अलर्ट, संत कबीर नगर समेत पूर्वांचल के कई जिलों में रेड अलर्ट जारी

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। पूर्वी उत्तर प्रदेश में मौसम ने खतरनाक रूप ले…

15 hours ago

बरहज में इंडियन बैंक की फ्रेंचाइजी खुलने से लोगों में उत्साह

पैना रोड टैक्सी स्टैंड के पास शुरू हुई सुविधा, आसपास के क्षेत्रों को मिलेगा लाभ…

15 hours ago