कुशीनगर(राष्ट्र की परम्परा) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कुशीनगर के तत्वाधान में आज अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/सचिव शैलेन्द्र मणि त्रिपाठी ने दीवानी न्यायालय के परिसर में आये हुये वादकारियों के बीच विधिक जागरूकता शिविर का अयोजन किया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य हर व्यक्ति तक न्याय पहुँचाना है। त्रिपाठी द्वारा बताया गया कि यह तभी सम्भव है जब लोगों को अपने अधिकारों की पूर्ण जानकारी होगी। इसी क्रम में आगे बताया गया कि जनता को कानून से सम्बन्धित सामान्य बातों से परिचित कराकर उनका सशक्तीकरण करना है। विधिक जागरूकता से विधिक संस्कृति को बढ़ावा मिलता है। विधिक निरक्षर व्यक्ति कानून से भय खाता है और उससे दूर भागता है। विधिक निरक्षर व्यक्ति अनजाने में कानून के विपरीत आचरण कर सकता है या कानून से सहायता प्राप्त करने में अक्षम होता है। इसलिये समाज के हर एक व्यक्ति को विधिक जागरूकता को जानना चाहिये। मॉर्निंग वॉकर्स से संवाद, बुजुर्गों को सुरक्षा का भरोसा और बालिकाओं को किया जागरूक देवरिया…
सतीश पाण्डेय की रिपोर्ट कीचड़ के दलदल में आंगनबाड़ी केंद्र, मासूमों की राह हुई मुश्किल;…
हर विधायक को कार और 75 हजार रुपये! जनसेवा का नया मॉडल या सुविधा का…
मुर्शिदाबाद में देर रात भूकंप के झटके, 3.7 रही तीव्रता; दहशत में घरों से बाहर…
रांची (राष्ट्र की परम्परा)। झारखंड सरकार के मंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के वरिष्ठ…
भारत की नई वैश्विक आर्थिक छलांग: पूंजी, अंतरिक्ष, विदेशी मुद्रा और ब्रिक्स के सहारे विजन…