अस्थि विशेषज्ञ के अनुपस्थित के कारण अस्थि दिव्यांगो का नही हो सका परीक्षण, रोष
संत कबीर नगर (राष्ट्र के परम्परा)। समग्र शिक्षा समेकित शिक्षा अंतर्गत जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के दिशा-निर्देशन और मुख्य चिकित्सा अधिकारी के सहयोग से ब्लॉक संसाधन केंद्र हैंसर बाजार पर दिव्यांग बच्चों का दिव्यांगता प्रमाण पत्र निर्गत किए जाने हेतु चिन्हांकन शिविर आयोजित किया गया।
शिविर में डॉ. राम गोपाल (आई सर्जन), डॉ. मधुसूदन शर्मा (बाल रोग विशेषज्ञ), डॉ. रजनीश बैद्यनाथ (जिला समन्वयक समेकित शिक्षा), खंड शिक्षा अधिकारी महेन्द्र प्रसाद, स्पेशल एजुकेटर महेन्द्र प्रसाद, दुर्गेश यादव, मोना गौतम, दिलीप यादव, शम्भू प्रसाद सहित रमसा के स्पेशल एजुकेटर मौजूद रहे।
इस अवसर पर खंड शिक्षा अधिकारी महेन्द्र प्रसाद ने अभिभावकों से अधिक से अधिक दिव्यांग बालिकाओं को विद्यालय में नामांकित करने और उनका दिव्यांग प्रमाण पत्र बनवाने की अपील की। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुसार 40% से अधिक दिव्यांगता प्रमाण पत्र रखने वाली प्रत्येक बालिका को ₹2000 वार्षिक छात्रवृत्ति दी जाएगी।
डॉ. रजनीश बैद्यनाथ ने जानकारी दी कि अगला शिविर मंगलवार को ब्लॉक संसाधन केंद्र पौली पर लगाया जाएगा। उन्होंने कहा कि पौली विकास क्षेत्र के सभी दिव्यांग बच्चे स्वालंबन पोर्टल पर पंजीकरण कर निर्धारित तिथि को आवश्यक कागजातों और फोटो के साथ उपस्थित हों।
शिविर में रोहित कुमार (ब्लॉक एमआईएस), डॉ. सुशील कुमार (फिजियोथेरेपिस्ट) और आधार ऑपरेटर देवनारायण ने सहयोग किया। कुल 45 दिव्यांग बच्चों ने प्रतिभाग किया, जिनमें से 9 बच्चों को तत्काल प्रमाण पत्र जारी किए गए। वहीं, डॉ. अमित कुमार सिंह (अस्थि विशेषज्ञ) के अनुपस्थित रहने के कारण 25 अस्थि दिव्यांग बच्चों का परीक्षण नहीं हो सका, जिस पर अभिभावकों ने रोष जताया।
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