लेख

राष्ट्र की परम्परा के खबर का हुआ असर

कॉलर ट्यून की विदाई जनता की सुनवाई या थकान की जीत? कॉलर ट्यून को अलविदा कहा गया 6 दिन पहले…

1 year ago

सीबीएसई 10वीं की परीक्षा 2026 से वर्ष में दो बार होगी- सप्लीमेंट्री खत्म-पहली परीक्षा फरवरी में कंपलसरी, दूसरी मई में ऑप्शनल-अप्रैल जून में नतीजे

  परीक्षा के नए पैटर्न में छात्रों को अंकों में बेहतर सुधार का यह मौका करियर में मील का पत्थर…

1 year ago

25 जून 1975: जब लोकतंत्र ने रातोंरात सांस लेना छोड़ दिया

नवनीत मिश्र आपातकाल के 50 साल पर विशेष:- 25 जून 1975 की रात भारतीय इतिहास की वो तारीख बन गई,…

1 year ago

जब कलम चुप हो जाय लोकतंत्र का शोकगीत

आपातकाल के दौरान अख़बारों ने विरोध में अपना संपादकीय कॉलम ख़ाली छोड़ा था। आज औपचारिक सेंसरशिप नहीं है, लेकिन आत्म-सेन्सरशिप,…

1 year ago

दुर्घटना पीड़ितों के लिए “कैशलेस” उपचार नीयत नेक व्यवस्था बेकार

इस देश में जब कोई सड़क पर दुर्घटनाग्रस्त होता है, तो सबसे पहले यह नहीं पूछा जाता कि ज़ख्म कितना…

1 year ago

लघुकथा- राधिका

राधिका एक छोटे से गाँव की लड़की थी। शांत स्वभाव, गहरी आँखें, और बहुत ही समझदार। वो ज़्यादा बोलती नहीं…

1 year ago

पिता का पस्त मन और पुत्रों की पश्चिमी व्यस्तता

एक पिता की विदाई और समाज की परीक्षा लखनऊ के एक रिटायर्ड कर्नल ने अपने बेटों को एक मार्मिक पत्र…

1 year ago

योग मन की शुद्धि से मोक्ष तक का मार्ग

(राष्ट्र की परम्परा डेस्क) मन ही सब कुछ है – यही योग का मूल मंत्र है। मन की शुद्धि, आत्म-चिंतन…

1 year ago

स्वस्थ जीवन का आधार है: “योग”

राष्ट्र की परम्परा 21 जून को संपूर्ण विश्व ग्यारहवें अंतराष्ट्रीय योग दिवस मनाने जा रहा है योग पौराणिक काल से…

1 year ago

“हर कॉल पर चेतावनी क्यों? कब तक सुनते रहेंगे अमिताभ बच्चन की आवाज़!”

— प्रियंका सौरभ, स्वतंत्र पत्रकार एवं स्तंभकार, हिसार सरकार चेतावनी दे रही है, लेकिन क्या यह चेतना जगा रही है…

1 year ago